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आधिकारिक UPSC अधिसूचना के अनुसार सिविल सेवा परीक्षा का पूरा पाठ्यक्रम — प्रारंभिक (GS प्रश्नपत्र 1 + CSAT), मुख्य परीक्षा के सभी 9 प्रश्नपत्र, और वैकल्पिक विषयों की सूची। हर खंड अपने विषय के पिछले वर्षों के प्रश्नों से जुड़ा है, ताकि आप देख सकें कि हर टॉपिक असल में किस तरह पूछा जाता है।
सिविल सेवा परीक्षा के तीन चरण हैं। नीचे दिया गया पाठ्यक्रम आधिकारिक UPSC अधिसूचना से है और 2027 चक्र पर लागू होता है — प्रारंभिक परीक्षा 23 मई 2027 को, और UPSC कैलेंडर 2027 के अनुसार अधिसूचना 13 जनवरी 2027 को। देखें पूरा परीक्षा पैटर्न और पात्रता नियम — दोनों के अपने अलग पृष्ठ हैं।
| चरण | प्रश्नपत्र | अंक | किसमें गिना जाता है |
|---|---|---|---|
| प्रारंभिक | GS प्रश्नपत्र 1 + CSAT | 200 + 200 | केवल छँटनी (कटऑफ GS 1 से तय; CSAT अर्हकारी) |
| मुख्य | 9 प्रश्नपत्र (7 मेधा + 2 अर्हकारी) | 1750 (मेधा) | अंतिम मेधा |
| साक्षात्कार | व्यक्तित्व परीक्षण | 275 | अंतिम मेधा (कुल 2025) |
100 प्रश्न, 2 घंटे, एक-तिहाई ऋणात्मक अंकन। ये सात आधिकारिक पाठ्यक्रम क्षेत्र हैं — हर कार्ड 2011 से उसी क्षेत्र में पूछे गए असली UPSC प्रश्नों से जुड़ा है, ताकि उसका वास्तविक भार आप अंदाज़े से नहीं, प्रश्नों से आँकें।
परीक्षा से पहले लगभग 12–18 महीने तक रोज़ का करंट अफेयर्स जुड़ता जाता है।
रोज़ाना करंट अफेयर्सप्राचीन, मध्यकालीन और आधुनिक भारत — ज़ोर स्वतंत्रता संग्राम पर।
इतिहास के PYQभौतिक भूगोल की अवधारणाएँ, साथ में भारत का और विश्व का भूगोल।
भूगोल के PYQसंविधान, राजनीतिक व्यवस्था, पंचायती राज, लोक नीति, अधिकार से जुड़े मुद्दे।
राज्यव्यवस्था के PYQसतत विकास, गरीबी, समावेशन, जनसांख्यिकी, सामाजिक क्षेत्र की पहलें।
अर्थव्यवस्था के PYQसामान्य मुद्दे — विषय-विशेषज्ञता ज़रूरी नहीं, पर पूछा बहुत जाता है।
पर्यावरण के PYQभौतिकी, रसायन और जीव विज्ञान की बुनियाद, साथ में खबरों में रहा विज्ञान एवं तकनीक।
विज्ञान के PYQ80 प्रश्न, 2 घंटे, एक-तिहाई ऋणात्मक अंकन। अर्हता के लिए चाहिए 33% (66 अंक) — CSAT के अंक प्रारंभिक की मेधा में नहीं जुड़ते। आधिकारिक पाठ्यक्रम:
हाल के वर्षों में CSAT का स्तर कठिन हुआ है — इसे बिना तैयारी मत छोड़िए। अभ्यास कीजिए PYQ अभ्यास मोड से, या हमारी टेस्ट सीरीज़ के अलग CSAT मॉड्यूल से।
| प्रश्नपत्र | विषय | अंक | प्रकृति |
|---|---|---|---|
| प्रश्नपत्र A | Indian Language (Eighth Schedule) | 300 | अर्हकारी (25%) |
| प्रश्नपत्र B | English | 300 | अर्हकारी (25%) |
| प्रश्नपत्र I | Essay | 250 | मेधा |
| प्रश्नपत्र II | GS 1 — Indian Heritage & Culture, History, Geography of the World and Society | 250 | मेधा |
| प्रश्नपत्र III | GS 2 — Governance, Constitution, Polity, Social Justice, International Relations | 250 | मेधा |
| प्रश्नपत्र IV | GS 3 — Technology, Economic Development, Biodiversity, Environment, Security, Disaster Management | 250 | मेधा |
| प्रश्नपत्र V | GS 4 — Ethics, Integrity and Aptitude | 250 | मेधा |
| प्रश्नपत्र VI | Optional Subject — Paper 1 | 250 | मेधा |
| प्रश्नपत्र VII | Optional Subject — Paper 2 | 250 | मेधा |
लिखित कुल: 1750 · साक्षात्कार: 275 · अंतिम मेधा: 2025 अंक। ये प्रश्नपत्र असल में कैसे पूछे जाते हैं, यह देखिए मुख्य परीक्षा PYQ बैंक में, और लेखन का अभ्यास बनाइए रोज़ाना उत्तर लेखन से।
भारतीय संस्कृति (कला रूप, साहित्य, स्थापत्य); आधुनिक भारतीय इतिहास और स्वतंत्रता संग्राम; स्वतंत्रता के बाद का एकीकरण; विश्व इतिहास (18वीं सदी से आगे); भारतीय समाज, विविधता, महिलाएँ, जनसंख्या, गरीबी, शहरीकरण, वैश्वीकरण, सामाजिक सशक्तीकरण, सांप्रदायिकता, क्षेत्रवाद, धर्मनिरपेक्षता; भौतिक भूगोल; संसाधनों का वितरण; भू-भौतिकीय परिघटनाएँ।
संविधान (विकास, विशेषताएँ, संशोधन, आधारभूत ढाँचा); संघ और राज्य के कार्य; शक्तियों का पृथक्करण; संसद और न्यायपालिका; जनप्रतिनिधित्व अधिनियम; संवैधानिक और गैर-संवैधानिक निकाय; सरकारी नीतियाँ; विकास क्षेत्र; कल्याणकारी योजनाएँ; स्वास्थ्य, शिक्षा, मानव संसाधन; गरीबी और भुखमरी; शासन, पारदर्शिता, ई-गवर्नेंस; सिविल सेवा की भूमिका; भारत और उसका पड़ोस; द्विपक्षीय और वैश्विक समूह; अंतर्राष्ट्रीय संस्थाएँ।
भारतीय अर्थव्यवस्था (नियोजन, संसाधन, संवृद्धि, रोजगार); समावेशी विकास; बजट; कृषि और खाद्य सुरक्षा; भूमि सुधार; उदारीकरण; अवसंरचना; निवेश के मॉडल; विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी के विकास और उनके उपयोग; IPR; पर्यावरण संरक्षण, प्रदूषण, EIA; आपदा प्रबंधन; आंतरिक सुरक्षा (उग्रवाद, साइबर सुरक्षा, धन शोधन, सीमा प्रबंधन); सुरक्षा बल और एजेंसियाँ।
नीतिशास्त्र और मानवीय अंतःक्रिया; अभिवृत्ति; सिविल सेवा के लिए अभिरुचि और आधारभूत मूल्य; भावनात्मक बुद्धिमत्ता; विचारक और दार्शनिक; लोक/सिविल सेवा के मूल्य और लोक प्रशासन में नीतिशास्त्र; शासन में सत्यनिष्ठा; उपर्युक्त पर केस स्टडी।
आप एक वैकल्पिक विषय चुनते हैं — मुख्य परीक्षा में इसके दो प्रश्नपत्र होते हैं, 250-250 अंकों के (कुल 500)। चयन और चूक जाने का फर्क अक्सर यहीं बनता है। तय नहीं कर पा रहे? देखिए UPSC वैकल्पिक विषय कैसे चुनें (ओवरलैप, विस्तार और अनुकूलता)।
पाठ्यक्रम बताता है कि UPSC क्या पूछ सकता है — और PYQ बताते हैं कि UPSC असल में क्या पूछता है। हर विषय की शुरुआत उसके टॉपिकवार PYQ देखकर कीजिए ताकि गहराई का अंदाज़ा लगे, फिर मानक बुकलिस्ट से बुनियाद बनाइए, और मॉक टेस्ट से पढ़ाई को अंकों में बदलिए — यही तरीका विस्तार से है हमारी पूरी तैयारी गाइड और शेरलॉकिंग पद्धति में।
अपना प्रयास तय कर रहे हैं? इस पृष्ठ के साथ-साथ देखिए पात्रता और प्रयासों की सीमा, UPSC 2027 रोडमैप, और परीक्षा पैटर्न भी।
हाँ। UPSC CSE का पाठ्यक्रम एक दशक से अधिक समय से मूलतः अपरिवर्तित रहा है। आधिकारिक वार्षिक अधिसूचना (upsc.gov.in पर) में छपा पाठ्यक्रम 2026 और 2027 दोनों चक्रों के लिए एक ही है। साल-दर-साल जो बदलता है वह है असली प्रश्नपत्र में अलग-अलग टॉपिकों को मिला भार — इसीलिए पिछले वर्षों के प्रश्नों का टॉपिकवार विश्लेषण उतना ही ज़रूरी है जितना पाठ्यक्रम पढ़ना।
GS प्रश्नपत्र 1 में सात व्यापक क्षेत्र आते हैं: राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय महत्व की सामयिक घटनाएँ; भारत का इतिहास और भारतीय राष्ट्रीय आंदोलन; भारत एवं विश्व का भूगोल (भौतिक, सामाजिक, आर्थिक); भारतीय राज्यव्यवस्था और शासन (संविधान, राजनीतिक व्यवस्था, पंचायती राज, लोक नीति, अधिकार से जुड़े मुद्दे); आर्थिक और सामाजिक विकास (सतत विकास, गरीबी, समावेशन, जनसांख्यिकी, सामाजिक क्षेत्र की पहलें); पर्यावरण पारिस्थितिकी, जैव विविधता और जलवायु परिवर्तन; और सामान्य विज्ञान।
CSAT (प्रारंभिक का GS प्रश्नपत्र 2) प्रकृति में अर्हकारी है। अर्हता के लिए 33% (200 में से 66 अंक) चाहिए। आपकी प्रारंभिक मेधा और कटऑफ केवल GS प्रश्नपत्र 1 के अंकों से तय होते हैं, बशर्ते आप CSAT निकाल लें।
UPSC मुख्य परीक्षा में 9 प्रश्नपत्र होते हैं। दो अर्हकारी हैं: प्रश्नपत्र A (आठवीं अनुसूची की कोई एक भारतीय भाषा) और प्रश्नपत्र B (अंग्रेज़ी), 300-300 अंकों के। सात मेधा में गिने जाते हैं: निबंध (250), GS प्रश्नपत्र 1 (250), GS प्रश्नपत्र 2 (250), GS प्रश्नपत्र 3 (250), GS प्रश्नपत्र 4 — नीतिशास्त्र (250), और वैकल्पिक प्रश्नपत्र 1 व 2 (250-250) — लिखित कुल 1750 अंक।
UPSC 48 वैकल्पिक विषय देता है — 25 मुख्य विषय (जैसे Geography, Sociology, History, Public Administration, Anthropology, Political Science & IR) और 23 भाषाओं का साहित्य। आप एक वैकल्पिक विषय चुनते हैं, जिसके मुख्य परीक्षा में 250-250 अंकों के दो प्रश्नपत्र होते हैं।
आधिकारिक पाठ्यक्रम हर साल की सिविल सेवा परीक्षा अधिसूचना के हिस्से के रूप में upsc.gov.in पर प्रकाशित होता है। UPSC कैलेंडर के अनुसार CSE 2027 की अधिसूचना 13 जनवरी 2027 को निर्धारित है; पाठ्यक्रम वाला भाग 2026 की अधिसूचना जैसा ही रहने की अपेक्षा है।
परीक्षा से उल्टा चलिए: हर पाठ्यक्रम क्षेत्र को उसके वास्तविक PYQ भार से जोड़िए, NCERT और हर विषय की एक मानक पुस्तक से बुनियाद बनाइए, और नियमित मॉक टेस्ट तथा PYQ अभ्यास से पढ़ाई को अंकों में बदलिए। प्रारंभिक 2027 परीक्षा 23 मई 2027 को है, इसलिए 2026 के मध्य से शुरू होकर 10–12 महीने का सुव्यवस्थित चक्र आदर्श है।
इसी पाठ्यक्रम पर आधारित 33 शेरलॉकिंग मॉक टेस्ट — 23 विषयवार + 10 पूर्ण लंबाई के, प्रश्न-स्तरीय विश्लेषण के साथ।
पाठ्यक्रम आधिकारिक UPSC सिविल सेवा परीक्षा अधिसूचना के अनुसार — upsc.gov.in । CSE 2027 की तिथियाँ UPSC कैलेंडर 2027 के अनुसार। अंतिम अद्यतन: जून 2026।
पाठ्यक्रम जान लेना और उस पर अंक ले आना दो अलग बातें हैं। पूर्ण लंबाई के प्रारंभिक टेस्ट और शेरलॉकिंग विश्लेषण से परीक्षा का मिज़ाज बनाइए — या मुख्य परीक्षा का उत्तर लेखन शुरू से अंत तक साधिए।