भारत के संविधान की निम्नांकित में से कौन सी अनुसूची पहले संवैधानिक संशोधन द्वारा संविधान में जोड़ी गई थी ?
- (1)छठी
- (2)दसवीं
- (3)नवीं
- (4)सातवीं
उत्तर
क्यों
सही उत्तर — विकल्प (3), नवीं.
नवीं अनुसूची संविधान (पहला संशोधन) अधिनियम, 1951 द्वारा जोड़ी गई, इसलिए उत्तर नवीं है। संविधान के आधिकारिक पाठ की पाद-टिप्पणी अनुसूची की प्रविष्टियाँ 1 से 13 उस अधिनियम की धारा 14 द्वारा, 18 जून 1951 से, जोड़ी गई दर्ज करती है।
उसी अधिनियम ने अनुच्छेद 31B जोड़ा, जो इस अनुसूची को प्रभाव देता है। अनुच्छेद 31B उपबंध करता है कि नवीं अनुसूची में विनिर्दिष्ट कोई अधिनियम या विनियम इस आधार पर शून्य नहीं समझा जाएगा कि वह भाग III द्वारा दिए गए अधिकारों से असंगत है, या उन्हें छीनता या न्यून करता है।
पहली प्रविष्टियाँ भूमि सुधार, काश्तकारी और जागीर-उन्मूलन कानून थीं, जिनकी शुरुआत बिहार भूमि सुधार अधिनियम, 1950 और बम्बई काश्तकारी और कृषि भूमि अधिनियम, 1948 से होती है।
बाद के संशोधनों से अनुसूची बढ़ती गई: प्रविष्टियाँ 14 से 20 चौथे संशोधन अधिनियम, 1955 से और प्रविष्टियाँ 21 से 64 सत्रहवें संशोधन अधिनियम, 1964 से आईं।
पहला संशोधन, 1951: नवीं अनुसूची और साथ में अनुच्छेद 31B।
अन्य विकल्प क्यों गलत हैं
- (1)छठी — छठी अनुसूची अनुच्छेद 244(2) और 275(1) के अंतर्गत असम, मेघालय, त्रिपुरा और मिज़ोरम राज्यों के जनजातीय क्षेत्रों के प्रशासन से संबंधित है।
यह अंगीकृत संविधान की आठ अनुसूचियों में शामिल थी, इसलिए पहले संशोधन ने इसे नहीं जोड़ा।
- (2)दसवीं — दल-बदल के आधार पर निरर्हता वाली दसवीं अनुसूची बहुत बाद में आई। इसे संविधान (52वाँ संशोधन) अधिनियम, 1985 द्वारा 1 मार्च 1985 से जोड़ा गया।
यह संसद और राज्य विधानमंडलों के सदस्यों के लिए अनुच्छेद 102(2) और 191(2) के माध्यम से लागू होती है।
- (4)सातवीं — सातवीं अनुसूची में अनुच्छेद 246 के अंतर्गत संघ सूची, राज्य सूची और समवर्ती सूची हैं, जो विधायी विषयों को संसद और राज्य विधानमंडलों के बीच बाँटती हैं।
यह अंगीकृत संविधान की आठ अनुसूचियों में शामिल थी, इसलिए इसे किसी संशोधन ने नहीं जोड़ा।
अवधारणा
अनुसूचियाँ संविधान के वे भाग हैं जिनमें सूचियाँ और विस्तृत उपबंध होते हैं, और हर अनुसूची उन अनुच्छेदों से जुड़ी है जिनके लिए वह है। नवीं अनुच्छेद 31B के लिए है; दसवीं अनुच्छेद 102(2) और 191(2) के लिए; सातवीं अनुच्छेद 246 के लिए।
पहले संशोधन, 1951 ने कई परिवर्तन किए। इनमें उसने अनुच्छेद 15 में खंड (4) जोड़ा, अनुच्छेद 19 का खंड (2) भूतलक्षी प्रभाव से प्रतिस्थापित किया, अनुच्छेद 31A और 31B जोड़े, और नवीं अनुसूची जोड़ी।
बाद की अनुसूचियाँ भी संशोधन से आईं: दसवीं 52वें संशोधन (1985) से, ग्यारहवीं 73वें और बारहवीं 74वें संशोधन (दोनों 1992) से।
RPSC के प्रारंभिक परीक्षा पाठ्यक्रम में "भारतीय संविधान, राजनीतिक व्यवस्था एवं शासन प्रणाली" के अंतर्गत "संविधान सभा, भारतीय संविधान की विशेषताएं, संवैधानिक संशोधन" शामिल है। पहला संशोधन और उसके द्वारा प्रभावित अनुसूचियाँ इसी शीर्षक के अंतर्गत आती हैं।
नवीं अनुसूची वहाँ है जहाँ मूल अधिकार भूमि सुधार से मिलते हैं। अनुच्छेद 31B इसमें सूचीबद्ध अधिनियमों को, किसी न्यायालय के विपरीत निर्णय के होते हुए भी, भाग III के अधिकारों से असंगति के कारण शून्य होने से बचाता है।
राजस्थान के अपने भूमि कानून भी इसमें सूचीबद्ध हैं: राजस्थान काश्तकारी अधिनियम, 1955 और राजस्थान जमींदारी और बिस्वेदारी उन्मूलन अधिनियम, 1959 प्रविष्टियाँ 55 और 56 हैं।
मुख्य तथ्य
- नवीं अनुसूची की प्रविष्टियाँ 1 से 13 संविधान (पहला संशोधन) अधिनियम, 1951 की धारा 14 द्वारा 18 जून 1951 से जोड़ी गईं।
- पहले संशोधन द्वारा जोड़ा गया अनुच्छेद 31B नवीं अनुसूची के अधिनियमों को भाग III के अधिकारों से असंगति के कारण शून्य होने से बचाता है।
- पहले संशोधन ने अन्य परिवर्तनों के साथ अनुच्छेद 15(4) भी जोड़ा, अनुच्छेद 19(2) प्रतिस्थापित किया और अनुच्छेद 31A जोड़ा।
- दसवीं अनुसूची (दल-बदल विरोधी) 52वें संशोधन अधिनियम, 1985 द्वारा 1 मार्च 1985 से जोड़ी गई।
- राजस्थान काश्तकारी अधिनियम, 1955 और राजस्थान जमींदारी और बिस्वेदारी उन्मूलन अधिनियम, 1959 नवीं अनुसूची की प्रविष्टियाँ 55 और 56 हैं।
संशोधन-विवरण संविधान के आधिकारिक पाठ की पाद-टिप्पणियों से।
आगे की तैयारी
सामान्य भ्रम
- छठी और सातवीं अनुसूचियाँ अंगीकृत संविधान का हिस्सा थीं। इस प्रश्न का उत्तर केवल वही अनुसूची हो सकती है जिसे किसी संशोधन ने जोड़ा।
- दसवीं अनुसूची भी संशोधन से बनी अनुसूची है, पर वह 1951 में नहीं, 1985 में 52वें संशोधन से आई।
- अनुच्छेद 31B नवीं अनुसूची का नाम लेता है, और दोनों 1951 के एक ही अधिनियम से आए। दोनों को जोड़कर याद रखने से किसी एक का समय तय करने में मदद मिलती है।
कोई प्रश्न पूछ सकता है कि किसी संशोधन ने कौन-सी अनुसूची जोड़ी, जैसा यह प्रश्न करता है।
कोई प्रश्न यह भी पूछ सकता है कि किसी नामित अनुसूची को किस संशोधन ने जोड़ा, कोई अनुसूची किस अनुच्छेद के लिए है, या किसी नामित संशोधन ने कौन-से उपबंध जोड़े।
संबंधित PYQ
RAS प्री 2018 और 2013 के मिलते-जुलते प्रश्न, उन प्रश्न-पत्रों के इस साइट पर प्रकाशित होने पर UnlockIAS यहाँ जोड़ेगा।
अभ्यास
- अभ्यास — वास्तविक PYQ नहीं
भारत के संविधान की दसवीं अनुसूची किस संविधान संशोधन अधिनियम द्वारा जोड़ी गई ?
- (a)पहला संशोधन अधिनियम, 1951
- (b)42वाँ संशोधन अधिनियम, 1976
- (c)52वाँ संशोधन अधिनियम, 1985
- (d)73वाँ संशोधन अधिनियम, 1992
उत्तर(3) — दसवीं अनुसूची की पाद-टिप्पणी इसे 52वें संशोधन अधिनियम, 1985 द्वारा 1 मार्च 1985 से जोड़ी गई दर्ज करती है। विकल्प (1), पहले संशोधन, ने नवीं अनुसूची जोड़ी। विकल्प (4), 73वें संशोधन, ने ग्यारहवीं अनुसूची जोड़ी। विकल्प (2), 42वाँ संशोधन, वह अधिनियम नहीं है जिसका नाम पाद-टिप्पणी देती है। - अभ्यास — वास्तविक PYQ नहीं
भारत के संविधान का कौन-सा अनुच्छेद नवीं अनुसूची में विनिर्दिष्ट अधिनियमों और विनियमों को संरक्षण देता है ?
- (a)अनुच्छेद 31A
- (b)अनुच्छेद 31B
- (c)अनुच्छेद 31C
- (d)अनुच्छेद 246
उत्तर(2) — अनुच्छेद 31B उपबंध करता है कि नवीं अनुसूची में विनिर्दिष्ट कोई अधिनियम या विनियम भाग III के अधिकारों से असंगति के कारण शून्य नहीं समझा जाएगा। विकल्प (1), अनुच्छेद 31A, और विकल्प (3), अनुच्छेद 31C, अलग व्यावृत्ति उपबंध हैं जिनमें नवीं अनुसूची का उल्लेख नहीं है। विकल्प (4), अनुच्छेद 246, के लिए सातवीं अनुसूची है।