बायोमास का एक उल्टा पिरामिड किस पारिस्थितिकी तंत्र में पाया जा सकता है?
- (1)समुद्री
- (2)घास का मैदान
- (3)वन
- (4)टुंड्रा
उत्तर
क्यों
सही उत्तर — विकल्प (1), समुद्री.
बायोमास का पिरामिड हर पोषी स्तर की खड़ी फसल दिखाता है: किसी विशेष समय पर उस स्तर में उपस्थित जीवित पदार्थ का द्रव्यमान, जिसमें उत्पादक आधार पर होते हैं। यह पिरामिड तब उल्टा होता है जब आधार पर उस स्तर से कम बायोमास हो जो उस पर भोजन करता है।
NCERT की कक्षा XII जीवविज्ञान (2021-22), अध्याय 14 (पारितंत्र), के अनुसार समुद्र में बायोमास का पिरामिड सामान्यतः उल्टा होता है, क्योंकि मछलियों का बायोमास पादपप्लवकों के बायोमास से कहीं अधिक होता है।
उसका चित्र 14.4 (c) बायोमास का एक उल्टा पिरामिड दिखाता है, जिसमें पादपप्लवकों की छोटी खड़ी फसल प्राणिप्लवकों की बड़ी खड़ी फसल को सहारा देती है।
छोटा आधार बड़े स्तर का पोषण कैसे करता है? OpenStax Biology 2e इंग्लिश चैनल के अपने उल्टे पिरामिड को पादपप्लवकों की ऊँची प्रतिस्थापन (टर्नओवर) दर से समझाती है। वे तेज़ी से खाए जाते हैं, इसलिए किसी भी क्षण उनका बायोमास कम रहता है, पर वे जल्दी प्रजनन भी करते हैं।
उस पारितंत्र के लिए उसके आँकड़े: प्राथमिक उत्पादक 4 g/m², प्राथमिक उपभोक्ता 21 g/m²। इसलिए उत्तर समुद्री है।
याद रखने की बात: बायोमास का पिरामिड खड़ी फसल का एक क्षण का चित्र है, इसलिए तेज़ी से प्रजनन करने वाले कम द्रव्यमान के उत्पादक अधिक द्रव्यमान वाले उपभोक्ताओं को सहारा दे सकते हैं।
अन्य विकल्प क्यों गलत हैं
- (2)घास का मैदान — घास का मैदान NCERT में चौड़े आधार वाले संख्या के पिरामिड का उदाहरण है। उसका चित्र 14.4 (a) आधार पर लगभग 60 लाख पौधों से शुरू होकर केवल तीन शीर्ष मांसाहारियों तक जाता है।
OpenStax भी गर्मियों के एक सामान्य घास के मैदान का आधार बहुत-से पौधों वाला बताती है, जिसमें हर पोषी स्तर पर संख्या घटती जाती है। NCERT में बायोमास के उल्टे पिरामिड का उदाहरण समुद्र है।
- (3)वन — वन वह स्थान है जहाँ संख्या का पिरामिड उल्टा हो सकता है। OpenStax के अनुसार गर्मियों में शीतोष्ण वन का आधार प्राथमिक उपभोक्ताओं (अधिकतर कीट) की संख्या की तुलना में थोड़े-से वृक्षों का होता है।
NCERT भी सीधे पिरामिडों के अपवादों में यही बात उठाती है और पाठकों से किसी बड़े वृक्ष पर भोजन करने वाले कीटों को गिनने को कहती है। जिस पिरामिड को वह बायोमास के लिए सामान्यतः उल्टा बताती है, वह समुद्र का है।
- (4)टुंड्रा — टुंड्रा एक बायोम है जहाँ अत्यधिक ठंडे तापमान और छोटे वर्धन-काल के कारण वृक्षों की वृद्धि बाधित रहती है। इसके तीन प्रकार हैं: आर्कटिक, अल्पाइन और अंटार्कटिक। आर्कटिक टुंड्रा में मॉस और हीथ जैसे नीचे उगने वाले पौधे होते हैं।
NCERT के अध्याय के अनुसार अधिकांश पारितंत्रों में संख्या, ऊर्जा और बायोमास के पिरामिड सीधे होते हैं। बायोमास के लिए वह जो अपवाद देती है, वह समुद्र है, टुंड्रा नहीं।
अवधारणा
पारिस्थितिक पिरामिड हर पोषी स्तर पर कोई एक मात्रा दिखाता है, जिसमें उत्पादक आधार पर और शीर्ष उपभोक्ता शिखर पर होता है। NCERT तीन पिरामिडों के नाम देती है: संख्या, बायोमास और ऊर्जा के पिरामिड।
खड़ी फसल किसी विशेष समय पर किसी पोषी स्तर में उपस्थित जीवित पदार्थ का द्रव्यमान है, जिसे प्रति इकाई क्षेत्र बायोमास या संख्या के रूप में मापा जाता है। NCERT के अनुसार शुष्क भार के रूप में मापा गया बायोमास अधिक सटीक होता है।
NCERT के अनुसार ऊर्जा का पिरामिड सदैव सीधा होता है और कभी उल्टा नहीं हो सकता, क्योंकि हर चरण पर कुछ ऊर्जा ऊष्मा के रूप में नष्ट होती ही है।
संख्या और बायोमास के पिरामिड उल्टे हो सकते हैं: अपवादों में NCERT पाठकों से किसी बड़े वृक्ष पर भोजन करने वाले कीटों को गिनने को कहती है, और बताती है कि समुद्र में बायोमास का पिरामिड सामान्यतः उल्टा होता है।
NCERT पिरामिडों की सीमाएँ भी बताती है: ये दो या अधिक पोषी स्तरों पर रहने वाली जाति का हिसाब नहीं रखते, एक सरल खाद्य शृंखला मानकर चलते हैं, और मृतोपजीवियों को कोई स्थान नहीं देते।
RPSC के प्रारंभिक परीक्षा पाठ्यक्रम में "विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी" के अंतर्गत "पर्यावरणीय एवं पारिस्थितिकीय परिवर्तन एवं इनके प्रभाव" सूचीबद्ध है।
OpenStax Biology 2e पारिस्थितिक पिरामिडों के पहले विवरणों का श्रेय 1920 के दशक में चार्ल्स एल्टन के अध्ययनों को देती है।
पिरामिड ऊर्जा-प्रवाह पर टिके हैं। NCERT 10 प्रतिशत नियम बताती है, जिसके अनुसार निचले पोषी स्तर से अगले स्तर तक केवल 10 प्रतिशत ऊर्जा पहुँचती है, और यही चारण खाद्य शृंखला में पोषी स्तरों की संख्या सीमित करता है।
NCERT दोनों खाद्य शृंखलाओं की तुलना भी करती है। जलीय पारितंत्र में चारण खाद्य शृंखला ऊर्जा-प्रवाह का मुख्य मार्ग है; स्थल पर ऊर्जा का कहीं बड़ा भाग अपरद खाद्य शृंखला से होकर बहता है।
मुख्य तथ्य
- NCERT कक्षा XII जीवविज्ञान (2021-22): समुद्र में बायोमास का पिरामिड सामान्यतः उल्टा होता है, क्योंकि मछलियों का बायोमास पादपप्लवकों से कहीं अधिक होता है।
- NCERT: ऊर्जा का पिरामिड सदैव सीधा होता है, क्योंकि हर चरण पर कुछ ऊर्जा ऊष्मा के रूप में नष्ट होती ही है।
- खड़ी फसल किसी विशेष समय पर किसी पोषी स्तर में उपस्थित जीवित पदार्थ का द्रव्यमान है, जिसे प्रति इकाई क्षेत्र बायोमास या संख्या के रूप में मापा जाता है।
- OpenStax Biology 2e, इंग्लिश चैनल: प्राथमिक उत्पादक 4 g/m² और प्राथमिक उपभोक्ता 21 g/m², यानी बायोमास का उल्टा पिरामिड।
- OpenStax: गर्मियों में शीतोष्ण वन में थोड़े-से वृक्ष बहुत-से प्राथमिक उपभोक्ताओं (अधिकतर कीट) को सहारा देते हैं, इसलिए संख्या का पिरामिड उल्टा हो जाता है।
स्रोत: NCERT कक्षा XII जीवविज्ञान (2021-22), अध्याय 14, और OpenStax Biology 2e, खंड 46.2।
आगे की तैयारी
सामान्य भ्रम
- वन के उल्टे संख्या-पिरामिड को बायोमास पर लागू कर देना। थोड़े वृक्षों पर बहुत-से कीट होने से गिनती का पिरामिड उल्टा होता है; बायोमास के लिए NCERT का उदाहरण समुद्र है।
- हर जलीय पारितंत्र में उल्टे पिरामिड की अपेक्षा करना। OpenStax के सिल्वर स्प्रिंग्स जलीय पारितंत्र में बायोमास का पिरामिड सीधा है, जबकि उसका इंग्लिश चैनल वाला उदाहरण उल्टा है।
- ऊर्जा के पिरामिड को उल्टा मान लेना। NCERT के अनुसार ऊर्जा का पिरामिड सदैव सीधा होता है और कभी उल्टा नहीं हो सकता।
कोई प्रश्न कई पारितंत्रों के नाम देकर पूछ सकता है कि बायोमास या संख्या का उल्टा पिरामिड कहाँ पाया जाता है, जैसा यह प्रश्न करता है।
कोई प्रश्न यह भी पूछ सकता है कि कौन सा पारिस्थितिक पिरामिड कभी उल्टा नहीं हो सकता, या पादपप्लवकों की छोटी खड़ी फसल प्राणिप्लवकों की बड़ी फसल को कैसे सहारा दे सकती है।
संबंधित PYQ
RAS प्री 2013 के मिलते-जुलते प्रश्न, उस प्रश्न-पत्र के इस साइट पर प्रकाशित होने पर UnlockIAS यहाँ जोड़ेगा।
अभ्यास
- अभ्यास — वास्तविक PYQ नहीं
निम्न में से कौन सा पारिस्थितिक पिरामिड सदैव सीधा होता है?
- (a)संख्या का पिरामिड
- (b)बायोमास का पिरामिड
- (c)ऊर्जा का पिरामिड
- (d)इनमें से कोई नहीं
उत्तर(3) — हर चरण पर कुछ ऊर्जा ऊष्मा के रूप में नष्ट होती ही है, इसलिए ऊपर वाले स्तर में नीचे वाले स्तर से अधिक ऊर्जा कभी नहीं होती। विकल्प (1) उल्टा हो सकता है, जैसे एक वृक्ष पर कीटों के मामले में; विकल्प (2) उल्टा हो सकता है, जैसे समुद्र में; विकल्प (4) गलत है क्योंकि ऊर्जा का पिरामिड सदैव सीधा होता है। - अभ्यास — वास्तविक PYQ नहीं
किसी समुद्र में किसी दिए गए समय पर पादपप्लवकों की खड़ी फसल 4 g/m² है और उन पर भोजन करने वाले प्राणिप्लवकों की खड़ी फसल 21 g/m² है। ये आँकड़े दर्शाते हैं –
- (a)बायोमास का सीधा पिरामिड
- (b)बायोमास का उल्टा पिरामिड
- (c)ऊर्जा का उल्टा पिरामिड
- (d)संख्या का सीधा पिरामिड
उत्तर(2) — आँकड़े प्रति वर्ग मीटर द्रव्यमान हैं, इसलिए ये बायोमास बताते हैं, और उपभोक्ता स्तर (21 g/m²) उत्पादक स्तर (4 g/m²) से बड़ा है। विकल्प (1) के लिए उत्पादकों का भार अधिक होना चाहिए; विकल्प (3) संभव ही नहीं है; विकल्प (4) के लिए जीवों की गिनती चाहिए, जो इन आँकड़ों में नहीं है।