होर्मुज जलडमरूमध्य जोडता है :
- (a)परशिया की खाड़ी से ओमान की खाड़ी
- (b)लाल सागर से अढन की खाड़ी
- (c)लाल सागर से हिन्द महासागर
- (d)मेडीटेरेनियन सागर से लाल सागर
सही — A, परशिया की खाड़ी से ओमान की खाड़ी। होर्मुज जलडमरूमध्य फ़ारस की खाड़ी का एकमात्र समुद्री निकास है : उत्तरी तट ईरान के पास है, जबकि दक्षिणी तट ओमान का मुसंदम प्रायद्वीप है, जिसका एक छोटा हिस्सा संयुक्त अरब अमीरात का भी है। सबसे सँकरी जगह पर यह जलडमरूमध्य केवल 39 किमी (24 मील, 21 समुद्री मील) चौड़ा है। नौगम्य चैनल इतना तंग है कि यातायात अन्तर्राष्ट्रीय समुद्री संगठन की यातायात पृथक्करण योजना पर चलता है — एक भीतर आने वाली और एक बाहर जाने वाली गली, प्रत्येक 2 समुद्री मील (3.7 किमी) चौड़ी, और उन्हें उतनी ही चौड़ी मध्य-पट्टी अलग करती है — और ये गलियाँ ओमानी राज्यक्षेत्रीय जल के भीतर पड़ती हैं, इसीलिए यह जलडमरूमध्य भौतिक ही नहीं, विधिक अवरोध-बिंदु भी है। जो मात्राएँ इससे गुज़रती हैं वही इसे समाचारों में रखती हैं : 2018 में प्रतिदिन लगभग 2.1 करोड़ बैरल तेल यहाँ से निकला, और 2023–25 के दौरान इसने समुद्री तेल व्यापार का लगभग 25 प्रतिशत ढोया, जिससे यह दुनिया का सबसे महत्त्वपूर्ण तेल अवरोध-बिंदु बन जाता है। भूगोल की शृंखला इस तरह पढ़ी जाती है — फ़ारस की खाड़ी → होर्मुज जलडमरूमध्य → ओमान की खाड़ी → अरब सागर → हिन्द महासागर; और यह बात मायने रखती है कि खाड़ी का कोई दूसरा निकास है ही नहीं : ईरान, इराक़, कुवैत, सऊदी अरब, बहरीन, क़तर या यू.ए.ई. में लदा हर माल होर्मुज से ही बाहर निकलता है। विकल्प न होने का यही तथ्य कारण है कि जलडमरूमध्य बंद करने की कोई भी धमकी घंटों में विश्व कच्चे तेल के दाम हिला देती है, और यही कारण है कि विकल्प इसे किसी खुले महासागर के बजाय ओमान की खाड़ी से जोड़ता है — ओमान की खाड़ी ही वह जलराशि है जो इसके ठीक बाहर पड़ती है, उससे आगे जाकर अरब सागर चौड़ा होता है।
- (b)लाल सागर से अढन की खाड़ी — वह बाब-अल-मंदेब है, यानी लाल सागर के दक्षिणी छोर का जलडमरूमध्य, जिसके अफ़्रीकी किनारे पर जिबूती और इरिट्रिया तथा अरब की ओर यमन है। यह इसलिए ललचाता है कि यह उसी क्षेत्र का *दूसरा* बड़ा अवरोध-बिंदु है और जब भी जहाज़रानी बाधित होती है, उसकी चर्चा होर्मुज के साथ ही होती है — पर वह लाल सागर की विशेषता है, फ़ारस की खाड़ी की नहीं।
- (c)लाल सागर से हिन्द महासागर — लाल सागर के बारे में यह कथन ढीले अर्थ में सही है — वह हिन्द महासागर तक पहुँचता ही है — पर वह जुड़ाव बाब-अल-मंदेब से, फिर अदन की खाड़ी और अरब सागर से बनता है, होर्मुज से नहीं। यह विकल्प उन अभ्यर्थियों को पकड़ता है जो केवल इतना जानते हैं कि होर्मुज ‘हिन्द महासागर की ओर’ खुलता है और जिन्होंने कभी तय ही नहीं किया कि उसके दूसरे सिरे पर कौन-सा घिरा हुआ सागर बैठा है।
- (d)मेडीटेरेनियन सागर से लाल सागर — वह स्वेज़ नहर है — और वह जलडमरूमध्य है ही नहीं, बल्कि स्वेज़ के स्थलडमरूमध्य के आर-पार खोदी गई 193.30 किमी लम्बी, जलपाश-रहित, समुद्र-तल वाली मानव-निर्मित नहर है, जो 17 नवम्बर 1869 को खुली। यह विकल्प उन अभ्यर्थियों के लिए बना है जो पश्चिम एशिया के चारों जलमार्गों को एक ही ख़ाने में रख देते हैं; ऐसे किसी भी प्रश्न में पहली जाँच यही है कि जिसका नाम लिया गया है वह प्राकृतिक जलडमरूमध्य है या खोदी हुई नहर।
जलडमरूमध्य पानी का एक सँकरा प्राकृतिक मार्ग है जो दो बड़ी जलराशियों को जोड़ता है और ऐसा करते हुए दो भूभागों को अलग करता है — यह स्थलडमरूमध्य का ठीक दर्पण-प्रतिबिम्ब है, जो ज़मीन की सँकरी गर्दन होती है, दो भूभागों को जोड़ती है और दो जलराशियों को अलग करती है। जहाँ प्रकृति ने जलडमरूमध्य नहीं दिया, वहाँ राज्यों ने नहर खोद ली : स्वेज़ के स्थलडमरूमध्य पर स्वेज़ नहर (1869) और पनामा के स्थलडमरूमध्य पर पनामा नहर (1914)। जो जलडमरूमध्य बहुत छोटे अनुप्रस्थ काट से विश्व व्यापार का बड़ा हिस्सा ढोते हैं उन्हें अवरोध-बिंदु कहा जाता है, और एक छोटी-सी सूची उनमें से अधिकांश को समेट लेती है : होर्मुज (फ़ारस की खाड़ी–ओमान की खाड़ी), बाब-अल-मंदेब (लाल सागर–अदन की खाड़ी), मलक्का (अंडमान सागर–दक्षिण चीन सागर), बोस्पोरस और दार्दानेल्स के तुर्की जलडमरूमध्य (काला सागर–भूमध्य सागर), डेनिश जलडमरूमध्य, तथा दो बड़े कृत्रिम मार्ग, स्वेज़ और पनामा। फ़ारस की खाड़ी अरब सागर की एक उथली, लगभग स्थल-रुद्ध भुजा है, जिसके किनारे ईरान तथा इराक़, कुवैत, सऊदी अरब, बहरीन, क़तर, यू.ए.ई. और ओमान बसे हैं; और चूँकि होर्मुज ही उसका इकलौता द्वार है, वह जलडमरूमध्य एक क्षेत्रीय जलमार्ग को वैश्विक जलमार्ग में बदल देता है।
यहाँ तर्क का छोटा रास्ता यह देखना है कि विकल्प किस तरह बनाए गए हैं। चार में से तीन — (b), (c) और (d) — लाल सागर वाली शृंखला के बारे में हैं, और केवल (a) फ़ारस की खाड़ी वाली शृंखला का है। दोनों शृंखलाओं को अलग-अलग बैठा लीजिए और प्रश्न ढह जाता है। पहली शृंखला : भूमध्य सागर →(स्वेज़ नहर)→ लाल सागर →(बाब-अल-मंदेब)→ अदन की खाड़ी → अरब सागर। दूसरी शृंखला : फ़ारस की खाड़ी →(होर्मुज जलडमरूमध्य)→ ओमान की खाड़ी → अरब सागर। होर्मुज केवल दूसरी शृंखला में आता है, इसलिए लाल सागर का नाम लेने वाला हर विकल्प तत्काल कट जाता है, और (a) बिना एक भी आँकड़ा याद किए खड़ा रह जाता है। दूसरी, स्वतंत्र जाँच स्वयं नाम है। जलडमरूमध्य का नाम होर्मुज से आता है — मध्यकालीन बंदरगाह-नगर, और होर्मोज़गान प्रांत का वह ईरानी द्वीप जिसे यह नाम तब मिला जब लगभग 1300 के आसपास नगर का शासक उस पर चला गया — एक ऐसी रियासत जो जलडमरूमध्य के दोनों किनारों पर फैली थी और जिसे 1507 में पुर्तगालियों ने छीन लिया। इसलिए यह नाम फ़ारस की खाड़ी के मुहाने का है, और खाड़ी को उन दो जलराशियों में से एक होना ही पड़ेगा जिन्हें यह जलडमरूमध्य जोड़ता है। अगर और कुछ याद न रहे तो निर्णायक तथ्य एक ही है : फ़ारस की खाड़ी का ठीक एक निकास है और उसका नाम होर्मुज है।
- सबसे सँकरी चौड़ाई 39 किमी (24 मील / 21 समुद्री मील); उत्तरी तट पर ईरान, दक्षिणी तट पर ओमान का मुसंदम प्रायद्वीप और उसका एक छोटा हिस्सा यू.ए.ई. का।
- यातायात भीतर आने और बाहर जाने वाली गलियों की पृथक्करण योजना पर चलता है, प्रत्येक गली 2 समुद्री मील (3.7 किमी) चौड़ी और बीच में मध्य-पट्टी, और ये गलियाँ ओमानी राज्यक्षेत्रीय जल के भीतर पड़ती हैं।
- 2018 में प्रतिदिन लगभग 2.1 करोड़ बैरल तेल इस जलडमरूमध्य से गुज़रा, और 2023–25 में इसने समुद्री तेल व्यापार का लगभग 25 प्रतिशत ढोया — दुनिया का सबसे प्रमुख तेल अवरोध-बिंदु।
- लाल सागर को अदन की खाड़ी से जोड़ने वाला बाब-अल-मंदेब है, जो जिबूती/इरिट्रिया और यमन के बीच पड़ता है; और भूमध्य सागर को लाल सागर से जोड़ती है स्वेज़ नहर — स्वेज़ के स्थलडमरूमध्य के आर-पार 193.30 किमी, 17 नवम्बर 1869 को खुली, समुद्र-तल वाली और जलपाश-रहित, जिसकी 35 किमी की समानांतर नहर 6 अगस्त 2015 को खोली गई।
- फ़ारस की खाड़ी का दूसरा कोई निकास नहीं है। उसके तटवर्ती देश ईरान, इराक़, कुवैत, सऊदी अरब, बहरीन, क़तर, यू.ए.ई. और ओमान हैं, और वे समुद्र से जो भी माल भेजते हैं उसे होर्मुज पार करना ही पड़ता है। जलडमरूमध्य का नाम होर्मुज पर है — मध्यकालीन बंदरगाह-नगर तथा होर्मोज़गान प्रांत का वह ईरानी द्वीप जिसने लगभग 1300 में यह नाम अपना लिया और जिसे 1507 में पुर्तगालियों ने जीत लिया।

- होर्मुज को बाब-अल-मंदेब समझ बैठना — दोनों पश्चिम एशिया के तेल अवरोध-बिंदु हैं, पर एक फ़ारस की खाड़ी का द्वार है और दूसरा लाल सागर का
- स्वेज़ नहर को जलडमरूमध्य मान लेना; वह स्वेज़ के स्थलडमरूमध्य के आर-पार बनी कृत्रिम नहर है, और इसीलिए विकल्प (d) दो-दो कारणों से ग़लत है
- बाहरी सिरे के लिए ‘अरब सागर’ या ‘हिन्द महासागर’ उत्तर देना। होर्मुज के ठीक बाहर की जलराशि ओमान की खाड़ी है; अरब सागर उसके बाद आता है
BPSC केवल जुड़ाव का सपाट तथ्य पूछता है — ‘X जोड़ता है —’ और चार सागर-जोड़ियाँ — यानी पूरा प्रश्न एक पंक्ति का स्मरण है। UPSC इसे इतने सपाट रूप में लगभग कभी नहीं पूछता; वह उसी जानकारी को किसी मार्ग या अर्थशास्त्र के ढाँचे में छिपा देता है, जैसे ब्रिटेन और फ़्रांस के बीच सुरंग किस जलडमरूमध्य के नीचे से गुज़रती है (2007), मलक्का जलडमरूमध्य से यात्रा करते हुए क्या मिलेगा (2010), या मुम्बई से किस गंतव्य तक जाने में स्वेज़ नहर पार करने की ज़रूरत नहीं पड़ती (1997)।
निम्नलिखित में से किस जलडमरूमध्य के नीचे से गुज़रने वाली सुरंग यूनाइटेड किंगडम और फ़्रांस को जोड़ती है ?
- (a) डेविस जलडमरूमध्य
- (b) डेनमार्क जलडमरूमध्य
- (c) डोवर जलडमरूमध्य
- (d) जिब्राल्टर जलडमरूमध्य
उत्तर(c) डोवर जलडमरूमध्य
उसी विषय में वही कौशल — नाम लिए गए एक जलडमरूमध्य को उन दो चीज़ों से बाँधना जिनके बीच वह पड़ता है, और विकल्पों में तीन और असली जलडमरूमध्य हमशक्ल के रूप में रखे जाते हैं।
मुम्बई से निम्नलिखित में से किस स्थान तक जाने में स्वेज़ नहर से गुज़रना नहीं पड़ेगा ?
- (a) अलेक्जेंड्रिया
- (b) स्वेज़
- (c) पोर्ट सईद
- (d) बेनग़ाज़ी
उत्तर(b) स्वेज़
यह ठीक उसी जलमार्ग की परीक्षा लेता है जो यहाँ भ्रामक विकल्प (d) के रूप में रखा गया है : स्वेज़ नहर भूमध्य सागर को लाल सागर से जोड़ती है, और यह जानना कि कोई बंदरगाह उसके किस सिरे पर बैठा है, ठीक वही विभेदन है जिसकी माँग BPSC का यह विकल्प करता है।
मलक्का जलडमरूमध्य से यात्रा करने पर निम्नलिखित में से किससे भेंट हो सकती है ?
- (a) बाली
- (b) ब्रुनेई
- (c) जावा
- (d) सिंगापुर
उत्तर(d) सिंगापुर
एशिया का दूसरा बड़ा अवरोध-बिंदु, और उसी ढंग से पूछा गया — इसका उत्तर आप तब तक नहीं दे सकते जब तक यह न पता हो कि मलक्का किन दो जलराशियों को जोड़ता है और किन तटों के बीच से गुज़रता है, और यही होर्मुज वाले प्रश्न की पूरी सामग्री है।
- अभ्यास प्रश्न — वास्तविक PYQ नहीं
बाब-अल-मंदेब जलडमरूमध्य लाल सागर को निम्नलिखित में से किससे जोड़ता है ?
- (a)फ़ारस की खाड़ी
- (b)अदन की खाड़ी
- (c)भूमध्य सागर
- (d)ओमान की खाड़ी
उत्तर(b) अदन की खाड़ी — बाब-अल-मंदेब लाल सागर के दक्षिणी छोर पर, जिबूती/इरिट्रिया और यमन के बीच पड़ता है।
- अभ्यास प्रश्न — वास्तविक PYQ नहीं
होर्मुज जलडमरूमध्य का दक्षिणी तट बनाने वाला मुसंदम प्रायद्वीप मुख्यतः किस देश का है ?
- (a)ईरान
- (b)ओमान
- (c)क़तर
- (d)सऊदी अरब
उत्तर(b) ओमान — यह प्रायद्वीप ओमानी राज्यक्षेत्र है, और जलडमरूमध्य की जहाज़ी गलियाँ ओमानी राज्यक्षेत्रीय जल के भीतर चलती हैं।