भारत में मुद्रास्फीति के सन्दर्भ में निम्न में से कौन सा/से कथन सही है/हैं ? A. कोर मुद्रास्फीति में खाद्य और ऊर्जा की कीमतें शामिल रहती हैं । B. हैडलाइन मुद्रास्फीति से खाद्य स्फीति बाहर रहती है । C. कोर मुद्रास्फीति की अपेक्षा हैडलाइन मुद्रास्फीति की प्रकृति ज्यादा परिवर्तनशील होती है । नीचे दिये गये कूटों का प्रयोग करके सही उत्तर का चुनाव कीजिये :
- (1)केवल A और B
- (2)केवल A और C
- (3)केवल B और C
- (4)केवल C
उत्तर
क्यों
सही उत्तर — विकल्प (4), केवल C.
तीनों कथनों को एक-एक करके देखें।
कथन A गलत है। कोर मुद्रास्फीति अस्थिर मदों — खाद्य और ऊर्जा (ईंधन) — को छोड़कर बनाई जाती है। जिस माप में खाद्य और ऊर्जा की कीमतें शामिल हों, वह हैडलाइन मुद्रास्फीति है, कोर नहीं।
कथन B गलत है। हैडलाइन मुद्रास्फीति पूरे उपभोक्ता मूल्य सूचकांक (CPI) की टोकरी में बदलाव है, इसलिए उसमें खाद्य शामिल है। भारत के CPI (संयुक्त) में अकेले खाद्य और पेय पदार्थों का भार 100 में से 45.86 है।
कथन C सही है। खाद्य और ईंधन की कीमतें मानसून, फसलों और वैश्विक तेल कीमतों के साथ ऊपर-नीचे होती हैं। हैडलाइन मुद्रास्फीति में ये शामिल हैं और कोर में नहीं, इसलिए हैडलाइन मुद्रास्फीति महीने-दर-महीने ज्यादा तेज़ी से बदलती है।
केवल C सही बचता है, जो कूट केवल C है।
याद रखने की बात: कोर = हैडलाइन घटा खाद्य और ईंधन। परिवर्तनशीलता से जुड़ी हर बात इसी से निकलती है कि क्या हटाया गया।
अन्य विकल्प क्यों गलत हैं
- (1)केवल A और B — यह कूट दोनों गलत कथनों को स्वीकार करता है और एकमात्र सही कथन को छोड़ देता है।
A खाद्य और ऊर्जा को कोर मुद्रास्फीति के भीतर रखता है, जबकि कोर की परिभाषा ही उन्हें बाहर रखने से बनती है। B खाद्य स्फीति को हैडलाइन मुद्रास्फीति से बाहर करता है, जबकि हैडलाइन पूरी CPI टोकरी को समेटती है। यह कूट तभी सही होता जब दोनों परिभाषाएँ आपस में बदल दी जातीं।
- (2)केवल A और C — C सही है, पर A नहीं। कोर मुद्रास्फीति खाद्य और ऊर्जा की कीमतों को बाहर रखती है; यही बहिष्करण कोर को अधिक स्थिर बनाता है।
A और C एक-दूसरे के विपरीत दिशा में भी जाते हैं: खाद्य और ऊर्जा को बाहर रखना ही कोर को अधिक स्थिर बनाता है, इसलिए उन्हें शामिल रखने वाली कोर मुद्रास्फीति में C की तुलना का आधार नहीं रहता। इस कूट के लिए A का सही होना आवश्यक है, और वह सही नहीं है।
- (3)केवल B और C — C सही है, पर B नहीं। हैडलाइन मुद्रास्फीति पूरी CPI टोकरी को समेटती है, खाद्य सहित — CPI (संयुक्त) में खाद्य और पेय पदार्थों का भार 100 में से 45.86 है।
B, C को भी कमज़ोर करता है: खाद्य कीमतें हैडलाइन की परिवर्तनशीलता का एक मुख्य स्रोत हैं, इसलिए खाद्य के बिना हैडलाइन माप अपने उतार-चढ़ाव का बड़ा हिस्सा खो देगा। इस कूट के लिए B का सही होना आवश्यक है, और वह सही नहीं है।
अवधारणा
हैडलाइन मुद्रास्फीति पूरे उपभोक्ता मूल्य सूचकांक में वर्ष-दर-वर्ष बदलाव है। भारत में यह अखिल भारतीय CPI (संयुक्त) है, जिसे राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय हर महीने जारी करता है; फरवरी 2025 तक इसका आधार वर्ष 2012=100 था।
कोर मुद्रास्फीति उन मदों को हटा देती है जिनकी कीमतें आपूर्ति के झटकों से उछलती हैं — सामान्यतः खाद्य और ईंधन — ताकि कीमतों की अंतर्निहित प्रवृत्ति दिखे। उद्देश्य अस्थायी उछाल, जैसे सब्ज़ियों की खराब फसल, को स्थायी मूल्य दबाव से अलग करना है।
भारतीय टोकरी में खाद्य और ईंधन का बड़ा हिस्सा है। CPI (संयुक्त) में खाद्य और पेय पदार्थों का भार 45.86 और ईंधन और प्रकाश का 6.84 है, दोनों मिलकर आधे से अधिक।
मौद्रिक नीति के लिए मुद्रास्फीति लक्ष्य, जिसे केंद्र सरकार भारतीय रिज़र्व बैंक (RBI) के परामर्श से तय करती है, हैडलाइन CPI पर परिभाषित है: 4%, 2% से 6% के दायरे के साथ।
RPSC के 2024 के प्रारंभिक पाठ्यक्रम में "आर्थिक अवधारणाएँ एवं भारतीय अर्थव्यवस्था" के अंतर्गत "अर्थशास्त्र की मूलभूत अवधारणाएं" में "मुद्रास्फीति– अवधारणा, प्रभाव एवं नियंत्रण तंत्र" सूचीबद्ध है।
हैडलाइन और कोर की परिभाषाएँ, और उनसे निकलने वाली बातें, अवधारणा वाले छोर पर हैं। नियंत्रण तंत्र वाले छोर पर मुद्रास्फीति लक्ष्य, मौद्रिक नीति समिति और नीतिगत दरें हैं।
दोनों छोर एक तथ्य पर मिलते हैं। RBI जिस मुद्रास्फीति लक्ष्य के लिए काम करता है, वह हैडलाइन CPI पर तय है, जिसमें खाद्य और ईंधन — परिवारों की खरीद का बड़ा हिस्सा — माप के भीतर रहते हैं।
12 फरवरी 2025 को जारी CPI का एक प्रकाशन परिवर्तनशीलता को दिखाता है। CPI (संयुक्त) में सब्ज़ियों का सूचकांक दिसंबर 2024 के 258.3 से गिरकर जनवरी 2025 में 217.8 (अनंतिम) रह गया — एक ही महीने में लगभग 16%।
मुख्य तथ्य
- हैडलाइन मुद्रास्फीति अखिल भारतीय CPI (संयुक्त) में वर्ष-दर-वर्ष बदलाव है; फरवरी 2025 तक इसका आधार वर्ष 2012=100 था।
- कोर मुद्रास्फीति को सामान्यतः खाद्य और ईंधन, यानी अस्थिर घटकों, को छोड़कर CPI मुद्रास्फीति के रूप में मापा जाता है।
- CPI (संयुक्त) में 100 में से खाद्य और पेय पदार्थों का भार 45.86 और ईंधन और प्रकाश का 6.84 है।
- RBI अधिनियम की धारा 45ZA के अंतर्गत केंद्र सरकार, RBI के परामर्श से, पाँच वर्ष में एक बार CPI मुद्रास्फीति लक्ष्य तय करती है।
- 4% का लक्ष्य (दायरा 2%–6%) 5 अगस्त 2016 को अधिसूचित हुआ और 31 मार्च 2021 को अप्रैल 2021–मार्च 2026 के लिए बनाए रखा गया।
इस तालिका से केवल कथन C मेल खाता है।
आगे की तैयारी
सामान्य भ्रम
- कोर की परिभाषा इस बात से बनती है कि उसमें से क्या हटाया गया। जो कथन खाद्य या ऊर्जा को कोर मुद्रास्फीति के भीतर रखे, वह परिभाषा से ही गलत है।
- हैडलाइन मुद्रास्फीति पूरा सूचकांक है, कोई सीमित सूचकांक नहीं। जो कथन हैडलाइन से खाद्य हटाए, वह वास्तव में कोर मुद्रास्फीति का वर्णन करता है।
- जाँचें कि चुने गए कूट के कथन आपस में विपरीत दिशा में न जाते हों। "कोर में खाद्य शामिल है" और "हैडलाइन, कोर से अधिक परिवर्तनशील है" साथ-साथ ठीक नहीं बैठते, क्योंकि खाद्य और ईंधन को बाहर रखना ही कोर को अधिक स्थिर बनाता है।
मुद्रास्फीति पर प्रश्न परिभाषाओं (हैडलाइन, कोर, खाद्य स्फीति), उनके पीछे के सूचकांकों (CPI, WPI), मौद्रिक ढाँचे (लक्ष्य कौन तय करता है और उसका स्तर) और मुद्रास्फीति के प्रकारों (माँगजन्य, लागतजन्य) की परख कर सकता है।
इस प्रश्न जैसा कथन-और-कूट वाला प्रश्न यह जाँच सकता है कि हर परिभाषा सही दिशा में कही गई है या उलटी।
संबंधित PYQ
RAS प्री 2023 और 2018 के मिलते-जुलते प्रश्न, उन प्रश्न-पत्रों के इस साइट पर प्रकाशित होने पर UnlockIAS यहाँ जोड़ेगा।
अभ्यास
- अभ्यास — वास्तविक PYQ नहीं
भारतीय रिज़र्व बैंक अधिनियम, 1934 की धारा 45ZA के अंतर्गत अधिसूचित मुद्रास्फीति लक्ष्य किसके संदर्भ में परिभाषित है?
- (a)थोक मूल्य सूचकांक
- (b)उपभोक्ता मूल्य सूचकांक (संयुक्त)
- (c)खाद्य और ईंधन को छोड़कर कोर CPI
- (d)GDP अपस्फीतिकारक
उत्तर(2) — केंद्र सरकार, RBI के परामर्श से, लक्ष्य 4% CPI मुद्रास्फीति, 2% से 6% के दायरे के साथ, तय करती है, जो हैडलाइन CPI (संयुक्त) पर मापा जाता है।विकल्प (1) थोक स्तर का सूचकांक है, विकल्प (3) उन खाद्य और ईंधन को छोड़ देता है जो लक्ष्य में शामिल हैं, और विकल्प (4) राष्ट्रीय लेखों का मूल्य माप है, लक्ष्य वाला सूचकांक नहीं।
- अभ्यास — वास्तविक PYQ नहीं
निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सबसे अच्छी तरह बताता है कि कोर मुद्रास्फीति, हैडलाइन मुद्रास्फीति से कम परिवर्तनशील क्यों होती है?
- (a)कोर मुद्रास्फीति में हैडलाइन मुद्रास्फीति से अधिक मदें शामिल होती हैं।
- (b)कोर मुद्रास्फीति खाद्य और ईंधन को छोड़ देती है, जिनकी कीमतें आपूर्ति के झटकों पर तेज़ी से प्रतिक्रिया करती हैं।
- (c)कोर मुद्रास्फीति केवल शहरी उपभोक्ताओं को समेटती है।
- (d)कोर मुद्रास्फीति एक वर्ष से लंबी अवधि पर मापी जाती है।
उत्तर(2) — खाद्य और ईंधन हटाने से वे कीमतें हट जाती हैं जो फसलों, मानसून और तेल बाज़ारों से सबसे अधिक प्रभावित होती हैं, इसलिए बचा हुआ सूचकांक अधिक सहजता से बदलता है।विकल्प (1) उलटा है: कोर में कम मदें होती हैं। विकल्प (3) और (4) ऐसी विशेषताएँ बताते हैं जो कोर मुद्रास्फीति में नहीं हैं; वह वही अखिल भारतीय टोकरी, खाद्य और ईंधन घटाकर, वर्ष-दर-वर्ष तुलना में इस्तेमाल करती है।