1945 का एस.ए. सुधालकर प्रतिवेदन निम्न में से किस देशी रियासत से सम्बन्धित है ?
- (1)जोधपुर
- (2)बीकानेर
- (3)उदयपुर
- (4)जयपुर
उत्तर
क्यों
सही उत्तर — विकल्प (1), जोधपुर.
RPSC की अंतिम कुंजी 1945 के एस.ए. सुधालकर प्रतिवेदन को जोधपुर से संबंधित मानती है, जो मारवाड़ की देशी रियासत थी।
1945 में जोधपुर महाराजा उम्मेद सिंह के अधीन एक देशी रियासत ही था। वहाँ के जन-संगठनों में 1934 में बना जोधपुर प्रजामण्डल और 1938 में बनी मारवाड़ लोक परिषद शामिल थे, दोनों जयनारायण व्यास ने अन्य लोगों के साथ मिलकर बनाए।
जोधपुर शेष राजस्थान से बाद में जुड़ा — उन चार रियासतों में से एक के रूप में जिन्होंने 30 मार्च 1949 को संघ में शामिल होकर वृहत् राजस्थान बनाया।
याद रखने की बात: 1945 का सुधालकर प्रतिवेदन जोधपुर (मारवाड़) से संबंधित है, मेवाड़ (उदयपुर) से नहीं।
अन्य विकल्प क्यों गलत हैं
- (2)बीकानेर — RPSC की कुंजी सुधालकर प्रतिवेदन को जोधपुर से जोड़ती है, बीकानेर से नहीं।
बीकानेर एक अलग राठौड़ रियासत थी। वह जोधपुर, जयपुर और जैसलमेर के साथ 30 मार्च 1949 को वृहत् राजस्थान में शामिल हुई, इसलिए ये दोनों रियासतें एकीकरण के एक ही चरण में संघ में आईं।
- (3)उदयपुर — उदयपुर मेवाड़ की राजधानी थी, जो मारवाड़ से अलग रियासत थी; मारवाड़ की राजधानी जोधपुर थी।
उदयपुर एकीकरण के अलग चरण में भी शामिल हुआ: 18 अप्रैल 1948 को, संयुक्त राजस्थान बनाते हुए — जोधपुर से लगभग एक वर्ष पहले।
- (4)जयपुर — RPSC की कुंजी प्रतिवेदन को जोधपुर से जोड़ती है, जयपुर से नहीं।
एकीकरण में जयपुर का स्थान अलग है: इसके शासक महाराजा सवाई मानसिंह द्वितीय 1949 में वृहत् राजस्थान बनने पर राजप्रमुख बने। RPSC की 2023 की कुंजी उन्हें राजस्थान का पहला राजप्रमुख मानती है, यद्यपि 1948 के पहले के संघों में कोटा और उदयपुर के शासक राजप्रमुख रहे थे।
अवधारणा
1948 से पहले राजपूताना का अधिकांश भाग देशी रियासतों में बँटा था, जिनमें से हर एक का अपना शासक और प्रशासन था। उस दौर का कोई प्रतिवेदन, सुधार या जन-संगठन प्रायः किसी एक विशेष रियासत से संबंधित होता है।
मारवाड़ और मेवाड़ मिलते-जुलते नामों वाली अलग-अलग रियासतें हैं। मारवाड़ राठौड़ों की रियासत है जिसकी राजधानी जोधपुर थी; मेवाड़ सिसोदियों की रियासत है जिसकी राजधानी उदयपुर थी।
एकीकरण चरणों में हुआ, इसलिए इन्हीं रियासतों को उनके शामिल होने के समय के अनुसार भी छाँटा जा सकता है।
RPSC के 2024 के पाठ्यक्रम में "राजस्थान का इतिहास, कला, संस्कृति, साहित्य, परम्परा एवं विरासत" के अंतर्गत "20वीं शताब्दी के दौरान विभिन्न देशी रियासतों में प्रजामण्डल आन्दोलन। राजस्थान का एकीकरण।" सूचीबद्ध है।
जोधपुर में जयनारायण व्यास और अन्य लोगों ने 1920 के दशक के आरंभ में मारवाड़ हितकारिणी सभा बनाई; 1924 में उस पर प्रतिबंध लगा दिया गया। इसके बाद उन्होंने 1934 में जोधपुर प्रजामण्डल और 1938 में मारवाड़ लोक परिषद बनाई।
व्यास बाद में दो बार राजस्थान के मुख्यमंत्री रहे, पहली बार 26 अप्रैल 1951 से।
मुख्य तथ्य
- RPSC की अंतिम कुंजी एस.ए. सुधालकर के 1945 के प्रतिवेदन को जोधपुर की देशी रियासत से जोड़ती है।
- जयनारायण व्यास ने 1934 में जोधपुर प्रजामण्डल और 1938 में मारवाड़ लोक परिषद बनाई।
- उदयपुर 18 अप्रैल 1948 को शामिल हुआ, जिससे संयुक्त राजस्थान बना।
- जोधपुर, जयपुर, बीकानेर और जैसलमेर 30 मार्च 1949 को शामिल हुए, जिससे वृहत् राजस्थान बना।
- जयपुर के महाराजा सवाई मानसिंह द्वितीय 1949 में वृहत् राजस्थान के राजप्रमुख बने; 1948 के संघों में पहले कोटा और फिर उदयपुर के शासक राजप्रमुख थे।
मारवाड़ = जोधपुर; मेवाड़ = उदयपुर।
आगे की तैयारी
सामान्य भ्रम
- मारवाड़ और मेवाड़ को आपस में बदल देना: मारवाड़ जोधपुर है, मेवाड़ उदयपुर।
- एकीकरण के चरणों को मिला देना: उदयपुर अप्रैल 1948 में शामिल हुआ, जोधपुर, जयपुर, बीकानेर और जैसलमेर से लगभग एक वर्ष पहले।
- जोधपुर के संगठनों का क्रम उलट देना: जोधपुर प्रजामण्डल (1934) मारवाड़ लोक परिषद (1938) से पहले बना।
कोई प्रश्न 1930–40 के दशक के किसी प्रतिवेदन, समिति या संगठन का नाम देकर पूछ सकता है कि वह किस देशी रियासत से संबंधित था।
कोई प्रश्न यह भी पूछ सकता है कि राजस्थान के एकीकरण के किसी चरण में कौन-सी रियासतें शामिल हुईं, या किसी रियासत के जन-आन्दोलन का नेतृत्व किसने किया।
संबंधित PYQ
RAS प्री 2023 और 2018 के मिलते-जुलते प्रश्न, उन प्रश्न-पत्रों के इस साइट पर प्रकाशित होने पर UnlockIAS यहाँ जोड़ेगा।
अभ्यास
- अभ्यास — वास्तविक PYQ नहीं
निम्नलिखित में से कौन-सी देशी रियासत उन रियासतों में नहीं थी जिन्होंने 30 मार्च 1949 को शामिल होकर वृहत् राजस्थान बनाया ?
- (a)जोधपुर
- (b)बीकानेर
- (c)उदयपुर
- (d)जैसलमेर
उत्तर(3) — उदयपुर 18 अप्रैल 1948 को ही शामिल हो चुका था, जिससे संयुक्त राजस्थान बना। विकल्प (1), (2) और (4) जयपुर के साथ 30 मार्च 1949 को शामिल हुए। - अभ्यास — वास्तविक PYQ नहीं
1938 में गठित मारवाड़ लोक परिषद किस देशी रियासत में सक्रिय थी ?
- (a)जोधपुर
- (b)बीकानेर
- (c)जयपुर
- (d)उदयपुर
उत्तर(1) — मारवाड़ जोधपुर है, और जयनारायण व्यास ने वहीं लोक परिषद बनाई। विकल्प (2), (3) और (4) अपने-अपने जन-संगठनों वाली अलग रियासतें थीं; विकल्प (4) मेवाड़ की राजधानी है, मारवाड़ की नहीं।