विश्व के किस वन खण्ड में सर्वाधिक वनोन्मूलन अंकित किया गया है ?
- (1)कोणधारी
- (2)उष्णकटिबन्धीय
- (3)पतझड़ी सवाना
- (4)ज्वारीय
उत्तर
क्यों
सही उत्तर — विकल्प (2), उष्णकटिबन्धीय।
FAO का FRA 2020 रिमोट सेंसिंग सर्वेक्षण (FAO फॉरेस्ट्री पेपर सं. 186, 2022) इसका सीधा उत्तर देता है। वह कहता है कि 'उष्णकटिबन्धीय वनों में 2000 से 2018 तक वनोन्मूलन की सर्वाधिक दर दर्ज की गई': 157 मिलियन हेक्टेयर, यानी विश्व के कुल वनोन्मूलन का 90 प्रतिशत से अधिक।
इस हानि का अधिकांश भाग उष्णकटिबन्धीय वर्षावनों में था: 69 मिलियन हेक्टेयर, यानी 2000–2018 में नष्ट हुए कुल वन का 40 प्रतिशत। रिपोर्ट दक्षिण अमेरिका और दक्षिण तथा दक्षिण-पूर्व एशिया के उष्णकटिबन्धीय वर्षावनों को सर्वाधिक वनोन्मूलन दर वाले पारिस्थितिक क्षेत्र बताती है।
सर्वेक्षण के पहले निष्कर्षों पर 6 नवम्बर 2021 की FAO प्रेस विज्ञप्ति भी यही कहती है: दक्षिण अमेरिका और एशिया के उष्णकटिबन्धीय वर्षावन 'लगातार सर्वाधिक वनोन्मूलन दर दर्ज कर रहे हैं'।
इस हानि के पीछे खेती है। सर्वेक्षण 2000–2018 के लगभग 50 प्रतिशत वनोन्मूलन का कारण फसल भूमि के विस्तार को और 38.5 प्रतिशत का कारण पशुचारण को बताता है, दोनों मिलाकर लगभग 90 प्रतिशत।
इसलिए सर्वाधिक वनोन्मूलन वाला वन खण्ड विकल्प (2) है: उष्णकटिबन्धीय।
याद रखने की बात: अधिकांश वनोन्मूलन उष्णकटिबन्ध में होता है, सर्वाधिक दरें उष्णकटिबन्धीय वर्षावनों में हैं, और इसके पीछे फसल भूमि और पशुचारण हैं।
अन्य विकल्प क्यों गलत हैं
- (1)कोणधारी — कोणधारी वन बोरियल वन या टैगा की पहचान हैं, जिसे विकिपीडिया ध्रुवीय क्षेत्र के चारों ओर फैली विस्तृत कोणधारी वन पट्टी बताता है, जो उष्णकटिबन्ध से बहुत दूर है।
FAO का रिमोट सेंसिंग सर्वेक्षण 2000–2018 के 90 प्रतिशत से अधिक वनोन्मूलन को उष्णकटिबन्धीय वनों में रखता है। कोणधारी वन पट्टी इस निष्कर्ष से मेल नहीं खाती।
- (3)पतझड़ी सवाना — विकल्प (3) पूरे वन खण्ड के बजाय एक संकरे वन-प्रकार का नाम लेता है। FAO का सर्वेक्षण वैश्विक पारिस्थितिक क्षेत्रों को 2000–2018 के वनोन्मूलन के क्रम में रखता है: पहले उष्णकटिबन्धीय वर्षावन (40 प्रतिशत), फिर उष्णकटिबन्धीय आर्द्र वन (27 प्रतिशत) और उष्णकटिबन्धीय शुष्क वन (19 प्रतिशत)।
ये तीनों उष्णकटिबन्धीय खण्ड के भीतर हैं, इसीलिए कोई एक वन-प्रकार नहीं, बल्कि विकल्प (2) प्रश्न का उत्तर है।
- (4)ज्वारीय — ज्वारीय वन मैंग्रोव हैं, जिन्हें विकिपीडिया मुख्यतः तटीय लवणीय या खारे पानी में, तटरेखाओं और ज्वारीय नदियों के किनारे उगने वाले वृक्ष और झाड़ियाँ बताता है।
अधिकांश वनोन्मूलन कहाँ होता है, इस पर FAO का निष्कर्ष समग्र रूप से उष्णकटिबन्धीय बायोम की ओर संकेत करता है, जिनमें वर्षावनों में सर्वाधिक दरें दर्ज हुई हैं।
अवधारणा
FAO वनोन्मूलन की परिभाषा वन का अन्य भू-उपयोगों में रूपांतरण के रूप में देता है, चाहे वह मानवजनित हो या नहीं। यह शुद्ध वन हानि के समान नहीं है, जिसमें वनरोपण और प्राकृतिक विस्तार से हुई वृद्धि भी गिनी जाती है।
दोनों में बड़ा अंतर है। FAO का 2020 का आकलन 1990 से अब तक 420 मिलियन हेक्टेयर वन वनोन्मूलन में नष्ट होने का अनुमान देता है, पर शुद्ध हानि 178 मिलियन हेक्टेयर है, क्योंकि दूसरी जगहों पर वन का विस्तार भी हुआ।
विश्व के सबसे अधिक वन भी उष्णकटिबन्ध में हैं। FAO कहता है कि विश्व के वनों का सबसे बड़ा भाग, 45 प्रतिशत, उष्णकटिबन्धीय क्षेत्र में है, उसके बाद बोरियल, शीतोष्ण और उपोष्ण क्षेत्र आते हैं।
RPSC के 2024 के पाठ्यक्रम में "विश्व का भूगोल" के अंतर्गत "पर्यावरणीय मुद्दे – मरूस्थलीकरण, वनोन्मूलन, जलवायु परिवर्तन एवं ग्लोबल वार्मिंग (ऊष्मीकरण), ओजन अवक्षय" शामिल है।
प्रवृत्ति धीमी पड़ रही है, पर पलटी नहीं है। FAO का अनुमान है कि 2015–2020 में वनोन्मूलन 10 मिलियन हेक्टेयर प्रति वर्ष रहा, जो 2010–2015 के 12 मिलियन हेक्टेयर प्रति वर्ष से कम है।
कारण क्षेत्र के अनुसार बदलते हैं। FAO की सर्वेक्षण रिपोर्ट कहती है कि अफ्रीका और एशिया में वन हानि में फसल भूमि का विस्तार प्रमुख रहा, जिसका हिस्सा 75 प्रतिशत से अधिक था, जबकि दक्षिण अमेरिका में 70 प्रतिशत वन हानि पशुचारण के कारण हुई।
मुख्य तथ्य
- FAO रिमोट सेंसिंग सर्वेक्षण: 2000–2018 में अधिकांश वनोन्मूलन उष्णकटिबन्धीय बायोम में हुआ।
- FAO रिमोट सेंसिंग सर्वेक्षण (2022): 2000–2018 में दक्षिण अमेरिका और दक्षिण तथा दक्षिण-पूर्व एशिया के उष्णकटिबन्धीय वर्षावनों में किसी भी पारिस्थितिक क्षेत्र से अधिक वनोन्मूलन दर रही।
- FAO वैश्विक वन संसाधन आकलन 2020: 1990 से अब तक लगभग 420 मिलियन हेक्टेयर वन वनोन्मूलन में नष्ट हुआ।
- FAO FRA 2020: 2015–2020 में वनोन्मूलन 10 मिलियन हेक्टेयर प्रति वर्ष रहा, जो 2010–2015 में 12 मिलियन था।
- FAO: 2000–2018 के अधिकांश वनोन्मूलन के पीछे फसल भूमि का विस्तार (लगभग 50 प्रतिशत) और पशुचारण (38.5 प्रतिशत) थे।
उत्तर: विकल्प (2)। स्रोत: FAO रिमोट सेंसिंग सर्वेक्षण और FRA 2020 के मुख्य निष्कर्ष; टैगा और मैंग्रोव के लिए विकिपीडिया।
आगे की तैयारी
सामान्य भ्रम
- वनोन्मूलन को शुद्ध वन हानि समझ लेना: FAO 1990 से 420 मिलियन हेक्टेयर वनोन्मूलन गिनता है, पर शुद्ध हानि 178 मिलियन है, क्योंकि वन का विस्तार भी हुआ।
- 'धीमा पड़ना' को 'रुक जाना' समझना: FAO गिरावट बताता है, फिर भी दक्षिण अमेरिका और एशिया के उष्णकटिबन्धीय वर्षावन 'लगातार सर्वाधिक वनोन्मूलन दर दर्ज कर रहे हैं'।
- पूरे खण्ड के बजाय किसी संकरे वन-प्रकार को चुन लेना: FAO का निष्कर्ष समग्र रूप से उष्णकटिबन्धीय बायोम पर है, जिनमें वर्षावन सबसे ऊपर हैं।
कोई प्रश्न पूछ सकता है कि किस वन खण्ड, महाद्वीप या क्षेत्र में सर्वाधिक वनोन्मूलन दर्ज होता है, या इसके पीछे कौन-से कारण हैं।
कोई प्रश्न वनोन्मूलन की वार्षिक दर जैसा FAO का कोई आँकड़ा देकर उसकी अवधि या प्रवृत्ति भी पूछ सकता है।
संबंधित PYQ
RAS प्री 2023 के मिलते-जुलते प्रश्न, उस प्रश्न-पत्र के इस साइट पर प्रकाशित होने पर UnlockIAS यहाँ जोड़ेगा।
अभ्यास
- अभ्यास — वास्तविक PYQ नहीं
FAO के रिमोट सेंसिंग सर्वेक्षण के अनुसार 2000–2018 में वैश्विक वनोन्मूलन का सबसे बड़ा कारण क्या था?
- (a)फसल भूमि का विस्तार
- (b)पशुचारण
- (c)शहरी और अवसंरचना विकास
- (d)अन्य कारण
उत्तर(1) — FAO का सर्वेक्षण 2000–2018 के लगभग 50 प्रतिशत वनोन्मूलन का कारण ऑयल पाम सहित फसल भूमि के विस्तार को बताता है। विकल्प (2) का हिस्सा 38.5 प्रतिशत और विकल्प (3) का 6.2 प्रतिशत है; FAO का चार्ट अन्य कारणों को 4 प्रतिशत पर रखता है। - अभ्यास — वास्तविक PYQ नहीं
FAO के वैश्विक वन संसाधन आकलन 2020 ने 2015–2020 में वनोन्मूलन की वार्षिक दर का अनुमान कितना लगाया?
- (a)4.7 मिलियन हेक्टेयर
- (b)10 मिलियन हेक्टेयर
- (c)12 मिलियन हेक्टेयर
- (d)20 मिलियन हेक्टेयर
उत्तर(2) — FAO 2015–2020 के लिए 10 मिलियन हेक्टेयर प्रति वर्ष देता है। विकल्प (3) 2010–2015 का उसका आँकड़ा है; विकल्प (1) 2010–2020 में शुद्ध वन हानि की उसकी दर है, वनोन्मूलन की नहीं; विकल्प (4) यहाँ FAO का कोई आँकड़ा नहीं है।