सूची - I को सूची - II से सुमेलित कीजिये तथा सूचियों के नीचे दिये गये कूट से सही उत्तर चुनिए । सूची - I (महासागर) A. प्रशान्त B. आर्कटिक C. हिन्द D. अन्ध (अटलांटिक) सूची - II (अधिकतम गहरा बिन्दु) 1. सुंडा गर्त 2. प्यूर्टों रिको गर्त 3. मेरीयाना गर्त 4. मोलॉय गर्त कूट :
- (a)A-3, B-2, C-1, D-4
- (b)A-3, B-4, C-1, D-2
- (c)A-4, B-3, C-2, D-1
- (d)A-1, B-2, C-3, D-4
सही उत्तर — (b) A-3, B-4, C-1, D-2। इस कूट का हर युग्म उसके महासागर की मान्यता-प्राप्त सबसे गहरी माप है। A–3: प्रशान्त महासागर का तल मेरीयाना गर्त में चैलेंजर डीप तक गिरता है, जो लगभग 10,925 मीटर पर किसी भी महासागर का ज्ञात सबसे गहरा बिन्दु है। B–4: आर्कटिक महासागर का सबसे गहरा बिन्दु मोलॉय गर्त है, ग्रीनलैंड और स्वालबार्ड के बीच फ्राम जलसन्धि में लगभग 5,550 मीटर गहरा एक छोटा-सा गड्ढा — गर्तों के मानक से मामूली, क्योंकि आर्कटिक का अपना कोई निस्सारण-क्षेत्र (सबडक्शन ज़ोन) नहीं है। C–1: हिन्द महासागर सुंडा (जावा) गर्त में सबसे नीचे तक पहुँचता है, जहाँ जावा डीप उस चाप के साथ लगभग 7,200 मीटर गहरा है जहाँ इंडो-ऑस्ट्रेलियाई प्लेट सुंडा प्लेट के नीचे धँसती है। D–2: अटलांटिक का सबसे गहरा बिन्दु प्यूर्टों रिको गर्त में मिलवॉकी डीप है, लगभग 8,376 मीटर, उत्तर अमेरिकी और कैरिबियाई प्लेटों की सीमा पर। इन चारों को साथ पढ़ने पर कूट A-3, B-4, C-1, D-2 स्वतः निकल आता है।
- (a)A-3, B-2, C-1, D-4 — यह निकट-सदृश विकल्प है, और वास्तव में ध्यान देने योग्य एकमात्र विकल्प: यह प्रशान्त और हिन्द महासागर को सही रखता है परन्तु आर्कटिक और अटलांटिक को उलट देता है। यह प्यूर्टों रिको गर्त को आर्कटिक में और मोलॉय डीप को अटलांटिक में रखता है — सत्य के विपरीत। प्यूर्टों रिको कैरिबियन में, लगभग 18° उत्तर पर है; मोलॉय डीप फ्राम जलसन्धि में लगभग 79° उत्तर पर है।
- (c)A-4, B-3, C-2, D-1 — इसका हर युग्म गलत है। यह मेरीयाना गर्त को आर्कटिक भेज देता है — एक ऐसा गर्त जो पश्चिमी प्रशान्त में मेरीयाना द्वीपों के ठीक पूर्व में स्थित है — और उथले मोलॉय डीप को प्रशान्त में भेज देता है, जिससे विश्व का सबसे गहरा महासागर वह बन जाएगा जिसका सबसे गहरा बिन्दु सबसे उथला है।
- (d)A-1, B-2, C-3, D-4 — यह भी हर जगह गलत है: यह सुंडा गर्त (सुमात्रा और जावा के निकट हिन्द महासागर की एक विशेषता) को प्रशान्त में और मेरीयाना गर्त को हिन्द महासागर में ले जाता है। यह वह कूट है जो सूची-II को बिना पढ़े ही A-1, B-2, C-3, D-4 को क्रम में जोड़ने से मिलता है — एक ऐसा प्रतिरूप जिसे UPPSC प्रायः बिछाता है, और यह लगभग कभी सही नहीं होता।
महासागरीय गर्त समुद्र-तल की सबसे गहरी विशेषताएँ हैं और वे यादृच्छिक रूप से बिखरे नहीं हैं: वे निस्सारण-क्षेत्रों (सबडक्शन ज़ोन) को चिह्नित करते हैं, जहाँ एक स्थलमण्डलीय प्लेट मुड़कर दूसरी के नीचे उतरती है। यही कारण है कि प्रशान्त महासागर — जो लगभग पूर्णतः निस्सारण-क्षेत्रों से घिरा है, 'रिंग ऑफ फायर' — विश्व के सबसे गहरे गर्त धारण करता है, जबकि आर्कटिक, जिसमें एक विस्तार कटक (गैकेल कटक) तो है परन्तु अपना कोई निस्सारण-क्षेत्र नहीं है, का सबसे गहरा बिन्दु अटलांटिक के सबसे गहरे बिन्दु का लगभग दो-तिहाई गहरा ही है। इसलिये प्रत्येक महासागर का 'अधिकतम गहरा बिन्दु' किसी नामित गर्त के भीतर स्थित एक नामित डीप होता है, और दोनों नाम प्रायः भिन्न होते हैं: चैलेंजर डीप मेरीयाना गर्त के भीतर है, मिलवॉकी डीप प्यूर्टों रिको गर्त के भीतर, जावा डीप सुंडा गर्त के भीतर।
इसे हल करने का कुशल तरीका है पहले उन दोनों को स्थिर करना जिन्हें आप निश्चित रूप से जानते हैं — प्रशान्त = मेरीयाना — और फिर विषम नाम का उपयोग करना। 'मोलॉय डीप' सूची-II की एकमात्र प्रविष्टि है जिसे गर्त नहीं कहा जाता, और यह एकमात्र प्रविष्टि है जो आर्कटिक से सम्बद्ध है; एक बार B-4 स्थिर हो जाए तो कूट तय हो जाता है, क्योंकि विकल्प (a) और (b) किसी और चीज़ में भिन्न ही नहीं हैं। जाल भौगोलिक सहज-बोध का है: 'प्यूर्टों रिको' उष्णकटिबन्धीय-सा लगता है और 'मोलॉय' नॉर्डिक-सा — जो कि बिल्कुल सही है — फिर भी विकल्प (a) इन्हें उलट देता है, और जो उम्मीदवार नामों के बजाय कूट-प्रतिरूप से मिलान करते हैं वे इसी जाल में फँसते हैं।
- प्रशान्त महासागर — चैलेंजर डीप, मेरीयाना गर्त, लगभग 10,925 मीटर: पृथ्वी के समुद्र-तल का ज्ञात सबसे गहरा बिन्दु
- अटलांटिक महासागर — मिलवॉकी डीप, प्यूर्टों रिको गर्त, लगभग 8,376 मीटर, उत्तर अमेरिकी–कैरिबियाई प्लेट सीमा पर
- हिन्द महासागर — जावा डीप, सुंडा (जावा) गर्त में, लगभग 7,200 मीटर, सुमात्रा और जावा के निकट
- आर्कटिक महासागर — मोलॉय डीप, लगभग 5,550 मीटर, ग्रीनलैंड और स्वालबार्ड के बीच फ्राम जलसन्धि में
- गर्त निस्सारण-क्षेत्रों पर बनते हैं; प्रशान्त की लगभग निरन्तर गर्त-श्रृंखला यह स्पष्ट करती है कि इसमें सबसे गहरा जल क्यों है
विकल्प (a) और (b) प्रशान्त और हिन्द पर सहमत हैं और केवल आर्कटिक व अटलांटिक पर भिन्न हैं — अतः दो चिह्नित पंक्तियाँ ही प्रश्न तय करती हैं। आर्कटिक = मोलॉय डीप, अटलांटिक = प्यूर्टों रिको गर्त, से A-3, B-4, C-1, D-2 अर्थात् विकल्प (b) मिलता है।
- गर्त को उसके भीतर के डीप से भ्रमित कर लेना: मेरीयाना गर्त, गर्त है, चैलेंजर डीप, उस भीतर का बिन्दु है
- यह मान लेना कि आर्कटिक में एक गहरा गर्त अवश्य होगा क्योंकि यह एक महासागर है — इसका कोई निस्सारण-क्षेत्र नहीं है और इसका मोलॉय डीप चारों में सबसे उथला है
- मिलान-सूची प्रश्नों का उत्तर कूट-प्रतिरूप (A-1, B-2, C-3, D-4) से देना, न कि सूची-II पढ़कर
UPPSC महासागर-तल की उच्चावच को चार-दिशा मिलान के रूप में पूछता है: महासागर से गर्त, या गर्त से स्थान। UPSC ने वही विषय-वस्तु दूसरी दिशा में पूछी है — एक ही गर्त का नाम देकर पूछना कि यह किस महासागर में है, या कई गर्तों को उत्तर प्रशान्त / दक्षिण प्रशान्त / हिन्द / दक्षिण अटलांटिक से मिलाना। गर्त-प्लस-डीप युग्म सीख लें तो दोनों प्रारूप हल हो जाते हैं।
सूची I को सूची II से सुमेलित कीजिये और सूचियों के नीचे दिये गये कूट से सही उत्तर चुनिए: सूची I (महासागरीय गर्त) I. एल्यूशियन II. कर्मडेक III. सुंडा IV. दक्षिण सैंडविच सूची II (स्थान) A) हिन्द महासागर B) उत्तर प्रशान्त महासागर C) दक्षिण प्रशान्त महासागर D) दक्षिण अटलांटिक महासागर कूट :
- (a) I-B, II-D, III-A, IV-C
- (b) I-B, II-C, III-A, IV-D
- (c) I-A, II-C, III-B, IV-D
- (d) I-A, II-D, III-B, IV-C
उत्तर(b) I-B, II-C, III-A, IV-D
वही मिलान-सूची, विपरीत दिशा में चलाई गई — महासागर से गर्त के बजाय गर्त से महासागर। ध्यान दें कि यह सुंडा गर्त को भी हिन्द महासागर में रखती है, ठीक जैसे इस UPPSC प्रश्न का युग्म C-1 करता है।
डायमेंटीना गर्त निम्नलिखित में से किस महासागर में स्थित है?
- (a) प्रशान्त महासागर
- (b) अटलांटिक महासागर
- (c) हिन्द महासागर
- (d) आर्कटिक महासागर
उत्तर(c) हिन्द महासागर
हिन्द महासागर का दूसरा गर्त। ऑस्ट्रेलिया के दक्षिण-पश्चिम में स्थित डायमेंटीना गर्त, हिन्द महासागर का दूसरा-सबसे गहरा बिन्दु है — इस प्रश्न का सुंडा गर्त सबसे गहरा है, अतः दोनों प्रश्न मिलकर हिन्द महासागर के तल को स्थिर करते हैं।
टेलीग्राफिक पठार किसका भाग है?
- (a) उत्तर अटलांटिक कटक
- (b) दक्षिण अटलांटिक कटक
- (c) हिन्द महासागर कटक
- (d) इनमें से कोई नहीं
उत्तर(a) उत्तर अटलांटिक कटक
वही पाठ्यक्रम-कोना — समुद्र-तल की नामित उच्चावच विशेषताएँ और प्रत्येक किस महासागर से सम्बद्ध है। वह प्रश्न अटलांटिक तल की एक उभार-विशेषता पूछता है, यह गर्तों के बारे में; दोनों ही समुद्र-तल के मानचित्र को रटने का प्रतिफल देते हैं, न कि उसे तर्क से निकालने का।
- अभ्यास — वास्तविक PYQ नहीं
विश्व के महासागरों का ज्ञात सबसे गहरा बिन्दु चैलेंजर डीप किस गर्त में स्थित है?
- (a)प्यूर्टों रिको गर्त
- (b)मेरीयाना गर्त
- (c)टोंगा गर्त
- (d)सुंडा गर्त
उत्तर(b) मेरीयाना गर्त — चैलेंजर डीप इसके दक्षिणी छोर पर एक छोटी-सी दरार है, पश्चिमी प्रशान्त में समुद्र-सतह से लगभग 10,925 मीटर नीचे।
- अभ्यास — वास्तविक PYQ नहीं
महासागरीय गर्तों के सम्बन्ध में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सही है?
- (a)गर्त मध्य-महासागरीय कटकों के साथ बनते हैं जहाँ प्लेटें अलग होती हैं
- (b)गर्त निस्सारण-क्षेत्रों में बनते हैं जहाँ एक प्लेट दूसरी के नीचे धँसती है
- (c)गर्त हिमयुग में बहने वाली नदियों की डूबी हुई घाटियाँ हैं
- (d)गर्त केवल अटलांटिक महासागर में पाये जाते हैं
उत्तर(b) गर्त निस्सारण-क्षेत्रों में बनते हैं जहाँ एक प्लेट दूसरी के नीचे धँसती है — यही कारण है कि निस्सारण-क्षेत्रों से घिरा प्रशान्त महासागर उनमें सबसे गहरा धारण करता है।