भारतीय संविधान का कौन-सा अनुच्छेद केन्द्रीय सतर्कता आयोग का वर्णन करता है ?
- (a)अनुच्छेद 268
- (b)अनुच्छेद 280
- (c)अनुच्छेद 276
- (d)उपर्युक्त में से कोई नहीं
सही उत्तर — (d) उपर्युक्त में से कोई नहीं। केन्द्रीय सतर्कता आयोग (CVC) एक संवैधानिक निकाय नहीं है — संविधान का कोई अनुच्छेद इसका उल्लेख या वर्णन नहीं करता। इसे 1964 में संथानम समिति की सिफारिश पर भारत सरकार के एक कार्यपालक संकल्प (एग्जीक्यूटिव रिज़ोल्यूशन) द्वारा सृजित किया गया था, और केन्द्रीय सतर्कता आयोग अधिनियम, 2003 द्वारा इसे सांविधिक (स्टैट्यूटरी) दर्जा दिया गया। दिए गए तीनों अनुच्छेद असम्बद्ध राजकोषीय विषयों से सम्बन्धित हैं, अतः सही विकल्प 'उपर्युक्त में से कोई नहीं' है।
- (a)अनुच्छेद 268 — अनुच्छेद 268 'संघ द्वारा उद्गृहीत परन्तु राज्यों द्वारा संगृहीत व विनियोजित शुल्कों' (जैसे स्टाम्प शुल्क) से सम्बन्धित है — CVC से इसका कोई सम्बन्ध नहीं।
- (b)अनुच्छेद 280 — अनुच्छेद 280 वित्त आयोग का प्रावधान करता है, CVC का नहीं।
- (c)अनुच्छेद 276 — अनुच्छेद 276 पेशों, व्यापारों, आजीविकाओं और नियोजनों पर करों से सम्बन्धित है — CVC से नहीं।
कोई निकाय संवैधानिक तब होता है जब संविधान का कोई अनुच्छेद उसे सृजित करता है (जैसे निर्वाचन आयोग — अनुच्छेद 324, UPSC — अनुच्छेद 315, वित्त आयोग — अनुच्छेद 280, नियंत्रक-महालेखापरीक्षक — अनुच्छेद 148)। सांविधिक निकाय संसद के एक साधारण अधिनियम द्वारा सृजित होते हैं। CVC दूसरी श्रेणी में आता है — 1964 में कार्यपालक संकल्प द्वारा स्थापित और CVC अधिनियम, 2003 द्वारा सांविधिक बनाया गया — अतः कोई अनुच्छेद इसका वर्णन नहीं करता।
जाल यह अपेक्षा करना है कि प्रत्येक 'आयोग' का कोई संवैधानिक अनुच्छेद होगा। CVC के उद्गम (1964 का कार्यपालक संकल्प, 2003 में सांविधिक) को याद रखें और आप तीनों राजकोषीय अनुच्छेदों को हटा देंगे, जिससे 'उपर्युक्त में से कोई नहीं' शेष रहता है।
- CVC की स्थापना 1964 में संथानम समिति की सिफारिश पर एक कार्यपालक संकल्प के माध्यम से हुई; CVC अधिनियम, 2003 से सांविधिक
- यह शीर्ष सत्यनिष्ठा/भ्रष्टाचार-निरोधक निगरानी निकाय है — एक बहु-सदस्यीय निकाय (केन्द्रीय सतर्कता आयुक्त + अधिकतम दो सतर्कता आयुक्त)
- CVC एक सांविधिक निकाय है, संवैधानिक नहीं — संविधान का कोई अनुच्छेद इसका वर्णन नहीं करता
- तुलना: निर्वाचन आयोग (अनुच्छेद 324), UPSC (अनुच्छेद 315), वित्त आयोग (अनुच्छेद 280) और नियंत्रक-महालेखापरीक्षक (अनुच्छेद 148) संवैधानिक निकाय हैं
उत्तर (d): ऊपर दिए संवैधानिक निकायों के विपरीत, CVC सांविधिक है — संविधान का कोई अनुच्छेद इसका वर्णन नहीं करता।
- यह मान लेना कि CVC एक संवैधानिक निकाय है
- CVC (सांविधिक) को नियंत्रक-महालेखापरीक्षक (संवैधानिक, अनुच्छेद 148) से भ्रमित कर लेना
- कोई भी यादृच्छिक राजकोषीय अनुच्छेद (268/276/280) चुन लेना जिसका CVC से कोई सम्बन्ध नहीं
UPSC और UPPSC 'संवैधानिक बनाम सांविधिक निकाय' और निकाय↔अनुच्छेद मिलान परखते हैं — CVC, NHRC, CIC और लोकपाल सांविधिक हैं (कोई अनुच्छेद नहीं), जबकि EC, UPSC, वित्त आयोग और नियंत्रक-महालेखापरीक्षक संवैधानिक हैं।
निम्नलिखित आयोगों में से कौन-सा एक भारत के संविधान के किसी अनुच्छेद के अन्तर्गत एक निश्चित प्रावधान के अनुसरण में स्थापित किया गया था ?
- (a) विश्वविद्यालय अनुदान आयोग
- (b) राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग
- (c) निर्वाचन आयोग
- (d) केन्द्रीय सतर्कता आयोग
उत्तर(c) निर्वाचन आयोग
सीधे प्रासंगिक — CVC वहाँ के विकल्पों में से एक है और यह किसी संवैधानिक अनुच्छेद के अन्तर्गत स्थापित नहीं है; केवल निर्वाचन आयोग (अनुच्छेद 324) ऐसा है। वही विचार: CVC सांविधिक है, संवैधानिक नहीं।
अभिकथन (A): भारत के संविधान में 'अल्पसंख्यक' शब्द परिभाषित नहीं है। कारण (R): अल्पसंख्यक आयोग एक संवैधानिक निकाय नहीं है।
- (a) A और R दोनों सही हैं और R, A की सही व्याख्या करता है
- (b) A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है
- (c) A सही है परन्तु R गलत है
- (d) A गलत है परन्तु R सही है
उत्तर(b) A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है
सांविधिक-बनाम-संवैधानिक भेद को सुदृढ़ करता है — किसी अधिनियम द्वारा सृजित आयोग एक संवैधानिक निकाय नहीं है, ठीक वैसे ही जैसे इस 2020 प्रश्न में CVC की स्थिति है।
- अभ्यास — वास्तविक PYQ नहीं
केन्द्रीय सतर्कता आयोग को सांविधिक दर्जा किसके द्वारा दिया गया ?
- (a)CVC अधिनियम, 2003
- (b)RTI अधिनियम, 2005
- (c)लोकपाल और लोकायुक्त अधिनियम, 2013
- (d)एक संवैधानिक संशोधन
उत्तर(a) CVC अधिनियम, 2003 — इससे पहले यह कार्यपालक संकल्प (1964) द्वारा स्थापित एक निकाय था।
- अभ्यास — वास्तविक PYQ नहीं
निम्नलिखित में से कौन-सा एक संवैधानिक निकाय है ?
- (a)केन्द्रीय सतर्कता आयोग
- (b)राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग
- (c)संघ लोक सेवा आयोग
- (d)केन्द्रीय सूचना आयोग
उत्तर(c) संघ लोक सेवा आयोग — अनुच्छेद 315 के अन्तर्गत स्थापित।