निम्नलिखित में से किसे हँसी पैदा करने वाली गैस के रूप में जाना जाता है ?
- (a)क्लोरोफ्लोरो कार्बन को
- (b)अमोनिया को
- (c)नाइट्रस ऑक्साइड को
- (d)कार्बन मोनो ऑक्साइड को
सही उत्तर — (c) नाइट्रस ऑक्साइड को। नाइट्रस ऑक्साइड (N2O) को लोकप्रिय रूप से 'हँसी पैदा करने वाली गैस' (laughing gas) कहा जाता है क्योंकि इसे साँस के साथ लेने पर उत्साह व हँसी के दौरे आ सकते हैं; इसका दंत चिकित्सा व शल्य चिकित्सा में हल्के निश्चेतक (anaesthetic) व दर्दनाशक के रूप में उपयोग होता है। यह उपनाम हम्फ्री डेवी के 1800 के दशक के प्रारंभिक प्रयोगों से चला आ रहा है। अतः हँसी पैदा करने वाली गैस नाइट्रस ऑक्साइड है।
- (a)क्लोरोफ्लोरो कार्बन को — क्लोरोफ्लोरोकार्बन (CFCs) प्रशीतक/एरोसोल गैसें हैं जो ओज़ोन परत को क्षति पहुँचाने के लिए कुख्यात हैं — यह निश्चेतक नहीं है और इसे हँसी वाली गैस नहीं कहा जाता।
- (b)अमोनिया को — अमोनिया (NH3) एक तीक्ष्ण, तीव्र गंध वाली, क्षारीय गैस है जो उर्वरकों व प्रशीतन में उपयोग होती है; इसे साँस लेना जलनकारी है, यह उत्साह पैदा करने वाली हँसी की गैस नहीं है।
- (d)कार्बन मोनो ऑक्साइड को — कार्बन मोनोऑक्साइड (CO) एक रंगहीन, गंधहीन परन्तु अत्यंत विषाक्त गैस है जो हीमोग्लोबिन से जुड़ जाती है और घातक हो सकती है — यह हल्के निश्चेतक के बिल्कुल विपरीत है।
कई गैसों के आम 'सामान्य ज्ञान' नाम हैं। नाइट्रस ऑक्साइड (N2O) 'हँसी वाली गैस' है, जिसे हल्के निश्चेतक/दर्दनाशक के रूप में महत्व दिया जाता है। यह हल्की मीठी गंध वाली रंगहीन गैस है और एक ग्रीनहाउस गैस भी है। यहाँ के विकर्षक सभी वास्तविक गैसें हैं जिनकी पहचान बहुत अलग व सुविख्यात है।
जाल यह है कि सभी चार विकल्प वास्तविक गैसें हैं, इसलिए आपको विशिष्ट उपनाम याद रखना होगा। इन आधार-बिंदुओं को तय करें: हँसी वाली गैस = नाइट्रस ऑक्साइड; ओज़ोन-क्षयकारी = CFC; तीक्ष्ण क्षारीय = अमोनिया; मौन विष = कार्बन मोनोऑक्साइड।
- हँसी वाली गैस = नाइट्रस ऑक्साइड (N2O), एक हल्का निश्चेतक/दर्दनाशक।
- यह उपनाम 1800 के दशक के प्रारंभ में हम्फ्री डेवी के प्रयोगों से उत्पन्न हुआ।
- CFCs ओज़ोन परत को क्षति पहुँचाती हैं; अमोनिया (NH3) तीक्ष्ण व क्षारीय है।
- कार्बन मोनोऑक्साइड (CO) एक रंगहीन, गंधहीन, विषाक्त गैस है जो हीमोग्लोबिन से जुड़ जाती है।
केवल नाइट्रस ऑक्साइड को हँसी वाली गैस कहा जाता है (विकल्प c)।
- नाइट्रस ऑक्साइड (N2O) को नाइट्रिक ऑक्साइड (NO) या नाइट्रोजन डाइऑक्साइड (NO2) से भ्रमित करना
- 'हँसी वाली गैस' को अन्य गैस उपनामों जैसे दलदल गैस (मीथेन) से गड्डमड्ड करना
UPSC/UPPSC किसी गैस को उसके सामान्य नाम (हँसी वाली गैस, दलदल गैस, स्ट्रेंजर गैस) से पूछते हैं या गैसों को उनके गुणों/उपयोगों से मिलाने को कहते हैं।
निम्नलिखित में से किसे स्ट्रेंजर गैस भी कहा जाता है ?
- (a) आर्गन
- (b) नियॉन
- (c) क्सीनॉन
- (d) नाइट्रस ऑक्साइड
उत्तर(c) क्सीनॉन
वही अवधारणा — किसी गैस को उसके लोकप्रिय उपनाम (यहाँ 'स्ट्रेंजर गैस') से पहचानना; नाइट्रस ऑक्साइड, वह 'हँसी वाली गैस', यहाँ के विकल्पों में से एक है।
- अभ्यास — वास्तविक PYQ नहीं
नाइट्रस ऑक्साइड, जिसे हँसी वाली गैस कहा जाता है, मुख्यतः किस रूप में उपयोग होती है ?
- (a)प्रशीतक
- (b)हल्का निश्चेतक
- (c)रॉकेट ईंधन
- (d)कीटाणुनाशक
उत्तर(b) हल्का निश्चेतक — इसका उपयोग दंत चिकित्सा व छोटी शल्य चिकित्सा में होता है।
- अभ्यास — वास्तविक PYQ नहीं
किस गैस को सामान्यतः 'दलदल गैस' (marsh gas) कहा जाता है ?
- (a)मीथेन
- (b)नाइट्रस ऑक्साइड
- (c)कार्बन मोनोऑक्साइड
- (d)अमोनिया
उत्तर(a) मीथेन — दलदलों/आर्द्रभूमियों से सड़ते कार्बनिक पदार्थ द्वारा उत्सर्जित।