रासायनिक अभिक्रिया : 2AgCl (s) → 2Ag (s) + Cl₂ (g) घटित होती है
- (a)अंधेरे में
- (b)सूर्य के प्रकाश में
- (c)गर्म करने पर
- (d)उच्च दाब में
उत्तर
क्यों
सही उत्तर — B, सूर्य के प्रकाश में। सिल्वर क्लोराइड प्रकाश-संवेदी है: सूर्य का प्रकाश वह ऊर्जा देता है जो इसे धूसर धात्विक चाँदी और क्लोरीन गैस में तोड़ देती है। यह एक प्रकाश-अपघटनी (प्रकाश-रासायनिक) अभिक्रिया है, और यही कारण है कि श्वेत AgCl प्रकाश में रखने पर धूसर/बैंगनी हो जाता है।
अन्य विकल्प क्यों गलत हैं
- (a)अंधेरे में — अंधेरे में सिल्वर क्लोराइड स्थायी रहता है और उसका अपघटन नहीं होता — इस अभिक्रिया को प्रकाश-ऊर्जा चाहिए, अतः सूर्य के प्रकाश के बिना यह चलेगी ही नहीं।
- (c)गर्म करने पर — यह प्रकाश-चालित (प्रकाश-रासायनिक) अपघटन है, तापीय अपघटन नहीं। मानक समीकरण सूर्य के प्रकाश के लिए लिखा जाता है; AgCl के अपघटन का प्रेरक ऊष्मा नहीं है।
- (d)उच्च दाब में — इस अभिक्रिया से दाब का कोई संबंध नहीं है। AgCl को तोड़ने वाली ऊर्जा प्रकाश से आती है, ठोस को संपीडित करने से नहीं।
अवधारणा
जिस अपघटन अभिक्रिया में ऊर्जा प्रकाश से मिलती है, उसे प्रकाश-अपघटन (फोटोलिसिस) कहा जाता है। AgCl और AgBr जैसे सिल्वर हैलाइड सूर्य का प्रकाश पड़ने पर टूट जाते हैं और धात्विक चाँदी (जो धूसर/बैंगनी होकर काली पड़ती है) तथा हैलोजन मुक्त कर देते हैं। यही प्रकाश-संवेदिता श्वेत-श्याम फोटोग्राफी का रासायनिक आधार है।
अपघटन अभिक्रियाओं को उनके ऊर्जा-स्रोत के अनुसार छाँटिए: ऊष्मा तापीय अपघटन चलाती है (जैसे CaCO3 → CaO + CO2), विद्युत विद्युत्-अपघटन चलाती है, और प्रकाश प्रकाश-अपघटन चलाता है। चूँकि सिल्वर क्लोराइड प्रकाश में काला पड़ जाने के लिए प्रसिद्ध है, अतः उत्तर 'सूर्य के प्रकाश में' है।
मुख्य तथ्य
- 2AgCl → 2Ag + Cl2 एक प्रकाश-अपघटन अभिक्रिया है; ऊर्जा-स्रोत सूर्य का प्रकाश है।
- श्वेत सिल्वर क्लोराइड सूर्य के प्रकाश में धूसर/बैंगनी हो जाता है क्योंकि धात्विक चाँदी बनती है।
- सिल्वर हैलाइडों का प्रकाश-अपघटन श्वेत-श्याम फोटोग्राफी का आधार है।
- इसकी तुलना तापीय अपघटन (ऊष्मा) तथा विद्युत्-अपघटन (विद्युत) से कीजिए।

आगे की तैयारी
सामान्य भ्रम
- इसे तापीय अपघटन समझकर 'गर्म करने पर' चुन लेना।
- 'अंधेरे में' चुन लेना — अंधेरे में सिल्वर क्लोराइड स्थायी रहता है और अपघटन के लिए उसे प्रकाश चाहिए।
'यह अभिक्रिया ___ में होती है' के रूप में अथवा 'प्रकाश-अपघटन अभिक्रिया का एक उदाहरण दीजिए' के रूप में पूछा जाता है।
संबंधित PYQ
इस प्रश्न से सीधे संबंधित कोई पूर्व PYQ उपलब्ध नहीं।
अभ्यास
- अभ्यास प्रश्न — वास्तविक PYQ नहीं
अभिक्रिया 2AgBr → 2Ag + Br2 किसका उदाहरण है ?
- (a)तापीय अपघटन
- (b)प्रकाश-अपघटन
- (c)विद्युत्-अपघटन
- (d)संयोजन अभिक्रिया
उत्तर(b) प्रकाश-अपघटन — सिल्वर ब्रोमाइड भी सिल्वर क्लोराइड की भाँति प्रकाश में अपघटित होता है। - अभ्यास प्रश्न — वास्तविक PYQ नहीं
श्वेत सिल्वर क्लोराइड सूर्य के प्रकाश में रखे रहने पर धूसर/बैंगनी हो जाता है, क्योंकि :
- (a)वह जलवाष्प सोख लेता है
- (b)प्रकाश-अपघटन से धात्विक चाँदी बन जाती है
- (c)वह वायुमंडलीय ऑक्सीजन से अभिक्रिया करता है
- (d)वह ऊर्ध्वपातित हो जाता है
उत्तर(b) प्रकाश-अपघटन से धात्विक चाँदी बन जाती है — मुक्त हुई चाँदी ही गहरा रंग देती है।