धन विधेयक पारित करते समय, राज्य सभा के पास सीमित शक्तियाँ होती हैं जिसमें वह नियत समय के भीतर किसी सिफारिश के साथ या सिफारिश के बिना धन विधेयक को लौटा सकता है । यह नियत समयावधि क्या है ?
- (a)12 दिन
- (b)21 दिन
- (c)14 दिन
- (d)30 दिन
उत्तर
क्यों
सही — C, 14 दिन. संविधान के अनुच्छेद 109 के अंतर्गत धन विधेयक केवल लोक सभा में पुरःस्थापित किया जाता है; लोक सभा द्वारा पारित होने के बाद वह राज्य सभा को भेजा जाता है, जिसके पास केवल सिफारिश करने की शक्ति है और जिसे विधेयक 14 दिन के भीतर, सिफारिशों के साथ या बिना, लौटाना होता है । यदि राज्य सभा उस अवधि में उसे नहीं लौटाती, तो 14 दिन बीतते ही विधेयक दोनों सदनों द्वारा पारित माना जाता है ।
अन्य विकल्प क्यों गलत हैं
- (a)12 दिन — धन विधेयकों के लिए संविधान में 12 दिन की कोई अवधि है ही नहीं; अनुच्छेद 109 यह अवधि 14 दिन नियत करता है ।
- (b)21 दिन — 21 दिन धन विधेयक लौटाने की अवधि नहीं है — यह भटकाव है; राज्य सभा को 14 दिन मिलते हैं ।
- (d)30 दिन — राज्य सभा को केवल 14 दिन दिए जाते हैं — जान-बूझकर रखी गई यह छोटी अवधि धन-विषयों में लोक सभा की सर्वोच्चता दर्शाती है — 30 दिन नहीं ।
अवधारणा
धन विधेयक (अनुच्छेद 110 में परिभाषित और लोक सभा अध्यक्ष द्वारा उसी रूप में प्रमाणित) अनुच्छेद 109 की विशेष प्रक्रिया से गुज़रता है । वह केवल लोक सभा में ही आरंभ हो सकता है; राज्य सभा उसमें न संशोधन कर सकती है, न उसे अस्वीकार, केवल परिवर्तनों की सिफारिश कर सकती है — और वह भी 14 दिन के भीतर । यह प्रत्यक्ष निर्वाचित सदन की वित्तीय सर्वोच्चता को दर्शाता है ।
जाल यह है कि प्रशंसनीय अवधियों में से सही संख्या चुननी है । '14 दिन' को धन विधेयक पर राज्य सभा की शक्ति से बाँध लीजिए, और उसकी तुलना साधारण विधेयक से कीजिए, जहाँ राज्य सभा पर कोई समय-सीमा नहीं होती और गतिरोध संयुक्त बैठक (अनुच्छेद 108) से टूटता है — यह उपाय धन विधेयकों के लिए उपलब्ध ही नहीं है ।
मुख्य तथ्य
- अनुच्छेद 109 धन विधेयकों की विशेष प्रक्रिया बताता है; अनुच्छेद 110 धन विधेयक को परिभाषित करता है, और लोक सभा अध्यक्ष किसी विधेयक को उस रूप में प्रमाणित करते हैं ।
- धन विधेयक केवल लोक सभा में, और केवल राष्ट्रपति की सिफारिश पर, पुरःस्थापित किया जा सकता है ।
- राज्य सभा को धन विधेयक 14 दिन के भीतर लौटाना होता है; उसकी सिफारिशें लोक सभा पर बाध्यकारी नहीं होतीं ।
- यदि राज्य सभा विधेयक 14 दिन में नहीं लौटाती, तो वह दोनों सदनों द्वारा पारित माना जाता है ।

आगे की तैयारी
सामान्य भ्रम
- धन विधेयक की 14-दिन की अवधि को अन्य संवैधानिक अवधियों से गड्डमड्ड कर देना ।
- यह मान लेना कि राज्य सभा धन विधेयक में संशोधन कर सकती है या उसे अस्वीकार कर सकती है (वह केवल सिफारिश कर सकती है) ।
- यह सोचना कि धन विधेयक पारित कराने के लिए संयुक्त बैठक बुलाई जा सकती है ।
या तो दिनों की सटीक संख्या के रूप में, या धन विधेयक पर राज्य सभा की शक्तियों (केवल सिफारिश, 14-दिन की सीमा) को परखने वाले कथनों के रूप में पूछा जाता है ।
संबंधित PYQ
निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए : 1. राज्य सभा के पास धन विधेयक को न तो अस्वीकार करने की शक्ति है और न ही उसमें संशोधन करने की । 2. राज्य सभा अनुदान की माँगों पर मत नहीं दे सकती । 3. राज्य सभा वार्षिक वित्तीय विवरण पर चर्चा नहीं कर सकती । उपर्युक्त में से कौन-सा/कौन-से कथन सही है/हैं ?
- (a) केवल 1
- (b) केवल 1 और 2
- (c) केवल 2 और 3
- (d) 1, 2 और 3
उत्तर(b) केवल 1 और 2
वही अवधारणा — अनुच्छेद 109 के अंतर्गत धन विधेयक पर राज्य सभा की सीमित शक्तियाँ । UPSC पुष्ट करता है कि राज्य सभा उसे न अस्वीकार कर सकती है न उसमें संशोधन (केवल सिफारिश कर सकती है), और यह NDA प्रश्न उसी सीमा को 14 दिन की अवधि में मापता है ।
यदि राज्य सभा किसी धन विधेयक में पर्याप्त संशोधन कर दे, तो उसका क्या परिणाम होगा ?
- (a) लोक सभा फिर भी विधेयक पर आगे बढ़ सकती है, चाहे वह राज्य सभा की सिफारिशें स्वीकार करे या न करे
- (b) लोक सभा विधेयक पर आगे विचार नहीं कर सकती
- (c) लोक सभा विधेयक को पुनर्विचार के लिए राज्य सभा को भेज सकती है
- (d) राष्ट्रपति विधेयक पारित कराने के लिए संयुक्त बैठक बुला सकते हैं
उत्तर(a) लोक सभा फिर भी विधेयक पर आगे बढ़ सकती है, चाहे वह राज्य सभा की सिफारिशें स्वीकार करे या न करे
अनुच्छेद 109 की वही व्यवस्था — धन विधेयक पर राज्य सभा की सिफारिशें बाध्यकारी नहीं हैं; लोक सभा उनके बावजूद आगे बढ़ सकती है । यह यहाँ परखे गए 14-दिन के नियम का सीधा पूरक है ।
अभ्यास
- अभ्यास — वास्तविक PYQ नहीं
कोई विधेयक धन विधेयक है या नहीं, इसे कौन प्रमाणित करता है ?
- (a)राष्ट्रपति
- (b)लोक सभा अध्यक्ष
- (c)राज्य सभा के सभापति
- (d)वित्त मंत्री
उत्तर(b) लोक सभा अध्यक्ष — किसी विधेयक के धन विधेयक होने का अध्यक्ष का प्रमाणपत्र अंतिम होता है । - अभ्यास — वास्तविक PYQ नहीं
धन विधेयक संसद के किस सदन में ही पुरःस्थापित किया जा सकता है ?
- (a)राज्य सभा
- (b)लोक सभा
- (c)किसी भी सदन में
- (d)संयुक्त बैठक में
उत्तर(b) लोक सभा — धन विधेयक राज्य सभा में आरंभ नहीं हो सकता ।