किसी परमाणु के प्रथम कोश में इलेक्ट्रॉनों की अधिकतम संख्या कितनी हो सकती है ?
- (a)2
- (b)4
- (c)8
- (d)16
उत्तर
क्यों
सही — A, 2. किसी कोश में समा सकने वाले इलेक्ट्रॉनों की अधिकतम संख्या 2n² होती है, जहाँ n कोश-संख्या है । प्रथम कोश — K कोश, n = 1 — के लिए यह 2 × 1² = 2 देता है । प्रथम कोश में केवल 1s कक्षक होता है, और एक कक्षक में अधिकतम दो ही इलेक्ट्रॉन समाते हैं, इसलिए K कोश 2 इलेक्ट्रॉनों से ही पूर्ण हो जाता है ।
अन्य विकल्प क्यों गलत हैं
- (b)4 — 2n² नियम प्रथम कोश के लिए 2 देता है, 4 नहीं; किसी भी कोश की अधिकतम क्षमता 4 इलेक्ट्रॉन नहीं होती ।
- (c)8 — 8 द्वितीय कोश की क्षमता है (L कोश, n = 2: 2 × 2² = 8), और साथ ही बाह्यतम कोश की अष्टक सीमा भी — प्रथम कोश की नहीं ।
- (d)16 — 2n² नियम के अंतर्गत 16 किसी कोश की क्षमता ही नहीं है (n = 3 पर 18 और n = 4 पर 32 मिलता है); प्रथम कोश में केवल 2 समाते हैं ।
अवधारणा
इलेक्ट्रॉन नाभिक के चारों ओर कोशों (ऊर्जा स्तरों) में रहते हैं, जिन्हें n = 1, 2, 3, 4 के लिए क्रमशः K, L, M, N कहा जाता है । बोर-बरी योजना प्रत्येक कोश की अधिकतम क्षमता 2n² तय करती है । प्रथम कोश सबसे छोटा है — एक अकेला s-कक्षक, जिसमें दो इलेक्ट्रॉन समाते हैं ।
बस 2n² लगाइए: n = 1 पर 2 । सामान्य भ्रम यह है कि सीधे 8 (अष्टक) पर पहुँच जाया जाता है, किंतु 8 द्वितीय कोश की क्षमता है और बाह्यतम कोश की अधिकतम सीमा — प्रथम कोश की नहीं ।
मुख्य तथ्य
- किसी कोश में अधिकतम इलेक्ट्रॉन = 2n² ।
- K कोश (n=1) = 2, L (n=2) = 8, M (n=3) = 18, N (n=4) = 32 ।
- प्रथम कोश में केवल 1s कक्षक होता है (2 इलेक्ट्रॉन) ।
- बाह्यतम कोश में अधिकतम 8 इलेक्ट्रॉन समा सकते हैं (अष्टक नियम) ।
प्रथम (K) कोश में अधिकतम 2 इलेक्ट्रॉन समाते हैं — उत्तर (a) ।
आगे की तैयारी
सामान्य भ्रम
- प्रथम कोश को अष्टक से गड्डमड्ड करके 8 उत्तर दे देना ।
- यह मान लेना कि हर कोश में बस 8 जुड़ते जाते हैं — क्षमताएँ 2n² (2, 8, 18, 32) के अनुसार चलती हैं ।
सीधे — 'K/L/M कोश में अधिकतम इलेक्ट्रॉन', या किसी तत्व का इलेक्ट्रॉनिक विन्यास पूछकर ।
संबंधित PYQ
किसी परमाणु में कक्षकों के भरे जाने का क्रम किससे नियंत्रित होता है ?
- (a) आउफ़बाउ सिद्धांत
- (b) हाइज़ेनबर्ग का अनिश्चितता सिद्धांत
- (c) हुंड का नियम
- (d) पाउली का अपवर्जन सिद्धांत
उत्तर(a) आउफ़बाउ सिद्धांत
वही अवधारणा — परमाणु में इलेक्ट्रॉनों की व्यवस्था । यह NDA प्रश्न किसी कोश की क्षमता परखता है (2n² → प्रथम कोश के लिए 2); UPSC का प्रश्न वह नियम (आउफ़बाउ) परखता है जो उन कक्षकों के भरने का क्रम तय करता है ।
अभ्यास
- अभ्यास — वास्तविक PYQ नहीं
किसी परमाणु के द्वितीय (L) कोश में समा सकने वाले इलेक्ट्रॉनों की अधिकतम संख्या है :
- (a)2
- (b)8
- (c)18
- (d)32
उत्तर(b) 8 — L कोश (n = 2) में 2 × 2² = 8 इलेक्ट्रॉन समाते हैं । - अभ्यास — वास्तविक PYQ नहीं
2n² नियम के अनुसार तृतीय (M) कोश में अधिकतम कितने इलेक्ट्रॉन समा सकते हैं ?
- (a)8
- (b)16
- (c)18
- (d)32
उत्तर(c) 18 — M कोश (n = 3) में 2 × 3² = 18 इलेक्ट्रॉन समाते हैं ।