मध्यप्रदेश के किस क्षेत्र में "मनसुखा" लोक नाट्य प्रचलित है ?
- (a)पूर्वी निमाड़
- (b)मालवा
- (c)बघेलखण्ड
- (d)पश्चिमी निमाड़
सही उत्तर — (c) बघेलखण्ड। मनसुखा मध्यप्रदेश के पूर्वी बघेली-भाषी क्षेत्र — बघेलखण्ड — का लोक नाट्य है, जिसमें रीवा, सतना, सीधी, शहडोल, उमरिया और अनूपपुर जिले शामिल हैं। यह कृष्ण और गोपियों पर केंद्रित है, विवाहों व त्योहारों पर मंचित किया जाता है, और गाँव की बोलचाल में इसे मनसुखलाल भी कहा जाता है। मध्यप्रदेश के लोक-रंगमंच के मानचित्र में हर रूप का एक गृह-क्षेत्र निर्धारित है, और मनसुखा का घर बघेलखण्ड है।
- (a)पूर्वी निमाड़ — पूर्वी निमाड़ खण्डवा के आसपास निमाड़ी-भाषी नर्मदा-घाटी क्षेत्र है — बघेली पूर्वी क्षेत्र से बिल्कुल भिन्न सांस्कृतिक व भाषाई क्षेत्र। मनसुखा निमाड़ी भंडार का हिस्सा नहीं है।
- (b)मालवा — मालवा उज्जैन व इंदौर के आसपास का मालवी-भाषी पठार है, और इसका विशिष्ट लोक-रंगमंच माच है — अपने स्वयं के गायकों व अखाड़ों वाली एक अलग रंगमंच-परंपरा, जिसे एमपीपीएससी अलग से परख चुका है।
- (d)पश्चिमी निमाड़ — यह विकल्प (a) वाले उसी निमाड़ी क्षेत्र का खरगोन-बड़वानी वाला भाग है। एक ही क्षेत्र को 'पूर्वी' और 'पश्चिमी' आधे में बाँट देना ही संकेत है: एकल-उत्तर वाला पेपर निमाड़ को दो बार सही नहीं बना सकता।
मध्यप्रदेश की लोक प्रदर्शन-कलाएँ राज्य की सीमा के बजाय सांस्कृतिक-भाषाई क्षेत्र के अनुसार व्यवस्थित हैं: मालवा (मालवी), निमाड़ (निमाड़ी), बुंदेलखंड (बुंदेली) और बघेलखण्ड (बघेली), साथ ही आदिवासी पट्टियाँ। प्रत्येक क्षेत्र का अपना रंगमंच रूप, अपनी मंच-परंपराएँ और सूत्रधार के लिए अपना नाम होता है। मनसुखा बघेली स्तंभ में आता है — एक भक्ति-रस आधारित नाटक, न कि कोई युद्ध-प्रधान या व्यंग्यात्मक रूप — और यह क्षेत्र-से-रूप मानचित्रण राज्य के कला-एवं-संस्कृति पाठ्यक्रम में सबसे अधिक परखा जाने वाला विचार है।
कुछ भी याद करने का प्रयास करने से पहले विकल्पों के आकार को देखें। चारों में से दो एक ही क्षेत्र (पूर्वी व पश्चिमी निमाड़) के आधे भाग हैं, जो एकल-उत्तर वाले पेपर में आमतौर पर इसका संकेत है कि इनमें से कोई भी कुंजी नहीं है — अन्यथा आयोग दो सही विकल्प बना देता। बचता है मालवा, जो पहले से माच के लिए आरक्षित है, और बघेलखण्ड। जिस उम्मीदवार ने केवल मनसुखा का नाम सुना है, वह भी संरचना के आधार पर यहाँ तक पहुँच सकता है।
- मनसुखा बघेलखण्ड क्षेत्र — रीवा, सतना, सीधी, शहडोल, उमरिया और अनूपपुर जिलों — का बघेली लोक नाट्य है।
- मनसुखा मध्यप्रदेश के बघेली-भाषी पूर्वी क्षेत्र से संबंधित है — क्षेत्रीय पहचान ही वह तथ्य है जो प्रश्न परखता है।
- क्षेत्र-से-रूप मानचित्रण याद रखें: मालवा → माच; निमाड़ → गम्मत; बघेलखण्ड → मनसुखा।
- ये क्षेत्रीय पहचान आपस में मिल भी सकती हैं: तुर्रा-कलंगी के लिए, एमपीपीएससी की अपनी 2021 अंतिम कुंजी ने मालवा, निमाड़ और बुंदेलखंड — तीनों को सही स्वीकार किया था।
मध्यप्रदेश के लोक-रूप सांस्कृतिक-भाषाई क्षेत्र के अनुसार सूचीबद्ध हैं, और यही इस प्रश्न में परखा जा रहा है।
- जब पेपर जान-बूझकर निमाड़ को पूर्वी व पश्चिमी आधे में बाँटता है, तब भी उसे एक ही विकल्प मान लेना।
- यह मान लेना कि हर क्षेत्रीय लोक नाट्य किसी प्रसिद्ध उत्तरी रूप का प्रकार है — प्रश्न केवल यह पूछता है कि मनसुखा किस क्षेत्र का है।
- किसी रूप को ठीक एक क्षेत्र से बाँध देना — एमपीपीएससी की तुर्रा-कलंगी कुंजी दिखाती है कि इनमें से कई परंपराएँ क्षेत्रों में फैली हैं।
दो मानक रूप: रूप-से-क्षेत्र ('X कहाँ प्रचलित है') और रूप-से-प्रवर्तक ('X से कौन जुड़ा है')। मध्यप्रदेश की लोक-कलाओं को दोनों स्तंभ भरी तालिका के रूप में दोहराएँ।
निम्नलिखित में से कौन-सा युग्म सही सुमेलित है?
- (a) नक्काल — बिहार
- (b) तमाशा — उड़ीसा
- (c) अंकिया नाट — असम
- (d) बाहा — पंजाब
उत्तर(c) अंकिया नाट — असम
राष्ट्रीय स्तर पर वही कौशल — किसी नामित लोक-रंगमंच रूप को उसके गृह-क्षेत्र से जोड़ना, जिसमें प्रशंसनीय गलत क्षेत्र दिए गए हैं।
निम्नलिखित युग्मों पर विचार कीजिए: परंपरा — राज्य 1. चापचार कुट त्योहार — मिज़ोरम 2. खोंगजोम पर्बा गाथा — मणिपुर 3. थांग-ता नृत्य — सिक्किम ऊपर दिए गए युग्मों में से कौन-सा/से सही है/हैं?
- (a) केवल 1
- (b) 1 और 2
- (c) केवल 3
- (d) 2 और 3
उत्तर(b) 1 और 2 — थांग-ता मणिपुर से संबंधित है, सिक्किम से नहीं
वही प्रदर्शन-परंपरा-से-स्थान मानचित्रण, और किसी रूप को पड़ोसी क्षेत्र में खिसका देने का वही जाल।
निम्नलिखित में से किस क्षेत्र में लोकनाट्य 'तुर्रा-कलंगी' प्रसिद्ध है ?
- (a) मालवा
- (b) निमाड़
- (c) बुंदेलखंड
- (d) बघेलखंड
उत्तर(a), (b) व (c) — मालवा, निमाड़ और बुंदेलखंड तीनों को अंतिम उत्तर-कुंजी में स्वीकार किया गया (ग्रेस अंक)
वही लोकनाट्य-से-क्षेत्र प्रश्न चार वर्ष पहले, और एक चेतावनी के साथ: आयोग को स्वयं तुर्रा-कलंगी के लिए तीन क्षेत्र स्वीकार करने पड़े।
गम्मत लोकनाट्य के सूत्रधार को क्या कहा जाता है ?
- (a) घुघरमल
- (b) थोथैया
- (c) कुडगरिया
- (d) खमरस
उत्तर(c) कुडगरिया
उसी मध्यप्रदेश लोकनाट्य-खंड का पड़ोसी तथ्य — आयोग इन विधाओं को वर्ष-दर-वर्ष पूछता है, क्षेत्र, सूत्रधार और प्रवर्तक के बीच बदल-बदल कर।
- अभ्यास — वास्तविक PYQ नहीं
माच, मध्यप्रदेश का शास्त्रीय लोक रंगमंच रूप, मुख्यतः किस क्षेत्र से संबंधित है?
- (a)मालवा
- (b)बघेलखण्ड
- (c)बुंदेलखंड
- (d)निमाड़
उत्तर(a) मालवा — माच मालवी-भाषी पठार की विशिष्ट लोक रंगमंच परंपरा है।
- अभ्यास — वास्तविक PYQ नहीं
मध्यप्रदेश के बघेलखण्ड क्षेत्र में कौन-सी बोली बोली जाती है?
- (a)बघेली
- (b)मालवी
- (c)निमाड़ी
- (d)बुंदेली
उत्तर(a) बघेली — रीवा, सतना, सीधी, शहडोल और आसपास के जिलों की बोली।