निम्नलिखित निकायों में से किस एक ने ‘नैशनल स्टूडेंट स्टार्टअप पॉलिसी’ तैयार की है, जिसे भारत के राष्ट्रपति द्वारा नवम्बर 2016 में लॉन्च किया गया?
- (a)UGC
- (b)NCERT
- (c)AIU
- (d)AICTE
उत्तर
क्यों
सही उत्तर — D, (d) AICTE। 'नैशनल स्टूडेंट स्टार्टअप पॉलिसी' अखिल भारतीय तकनीकी शिक्षा परिषद् (All India Council for Technical Education, AICTE) ने तैयार की, और भारत के तत्कालीन राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी ने 16 नवम्बर 2016 को राष्ट्रपति भवन में आयोजित द्वितीय विज़िटर्स सम्मेलन में इसे जारी किया। प्रश्न में दिए गए दो संकेत — 'नवम्बर 2016' और 'भारत के राष्ट्रपति द्वारा लॉन्च' — इसी आयोजन की ओर इशारा करते हैं, क्योंकि राष्ट्रपति केंद्रीय विश्वविद्यालयों तथा केंद्रीय संस्थानों के विज़िटर होते हैं और यह सम्मेलन उसी हैसियत से बुलाया जाता है। नीति का उद्देश्य यह है कि तकनीकी शिक्षा-संस्थानों में विद्यार्थी-स्तर पर उद्यमशीलता को व्यवस्थित प्रोत्साहन मिले — पाठ्यक्रम में नवाचार तथा उद्यमिता को स्थान देना, संस्थानों में उद्भवन-केंद्र (incubation centres) खड़े करना, विद्यार्थी-उद्यमियों को परामर्श तथा प्रारंभिक सहायता उपलब्ध कराना, और शिक्षा-संस्थान तथा उद्योग के बीच सेतु बनाना। संस्था-चयन की दृष्टि से यह स्वाभाविक भी है: AICTE भारत में तकनीकी शिक्षा — अभियांत्रिकी, प्रौद्योगिकी, प्रबंधन, फ़ार्मेसी, वास्तुकला — के लिए बनी शीर्ष परिषद् है, और स्टार्टअप बनाने वाले विद्यार्थी मुख्यतः इन्हीं संस्थानों से आते हैं। AICTE की स्थापना 1945 में एक सलाहकार निकाय के रूप में हुई थी और 1987 के अधिनियम से उसे वैधानिक दर्जा मिला। यह नीति 2016 की उस बड़ी शृंखला का अंग है जिसमें जनवरी में स्टार्टअप इंडिया कार्ययोजना और अप्रैल में स्टैंडअप इंडिया आया था। शेष तीनों विकल्प शिक्षा-क्षेत्र के वास्तविक और महत्त्वपूर्ण निकाय हैं, पर उनका कार्यक्षेत्र तकनीकी शिक्षा नहीं है। अतः विकल्प (d) ही सही है।
अन्य विकल्प क्यों गलत हैं
- (a)UGC — विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (UGC) विश्वविद्यालयों तथा महाविद्यालयों में उच्च शिक्षा के समन्वय, मानक-निर्धारण और अनुदान के लिए बनी संस्था है; इसकी स्थापना विश्वविद्यालय अनुदान आयोग अधिनियम, 1956 के अंतर्गत हुई। इसका काम विश्वविद्यालयों को मान्यता और अनुदान देना, शिक्षकों की अर्हता के मानक तय करना और उच्च शिक्षा की गुणवत्ता की देखरेख करना है। तकनीकी शिक्षा के लिए अलग निकाय — AICTE — है, और विद्यार्थी-स्टार्टअप की यह विशेष नीति उसी ने बनाई। यह विकल्प इसलिए भ्रम पैदा करता है कि UGC उच्च शिक्षा का सबसे परिचित नाम है और 'स्टूडेंट' शब्द उसकी ओर खींचता है; पर प्रश्न नीति के प्रवर्तक निकाय की बात कर रहा है, और तकनीकी शिक्षा तथा सामान्य उच्च शिक्षा के बीच का यह संस्थागत विभाजन ही निर्णायक है।
- (b)NCERT — राष्ट्रीय शैक्षिक अनुसंधान और प्रशिक्षण परिषद् (NCERT) की स्थापना 1961 में हुई और उसका कार्यक्षेत्र विद्यालयी शिक्षा है — पाठ्यचर्या की रूपरेखा तैयार करना, पाठ्यपुस्तकें बनाना, शिक्षक-प्रशिक्षण तथा शैक्षिक अनुसंधान, और केंद्र तथा राज्यों को विद्यालयी शिक्षा पर सलाह देना। राष्ट्रीय पाठ्यचर्या की रूपरेखा उसी की देन है। उच्च शिक्षा या तकनीकी शिक्षा में स्टार्टअप-नीति बनाना उसके कार्यक्षेत्र से पूरी तरह बाहर है, क्योंकि विद्यार्थी-उद्यमिता का प्रश्न महाविद्यालय तथा विश्वविद्यालय स्तर का है, विद्यालय स्तर का नहीं। इस विकल्प को हटाने की सरल कसौटी यही है कि निकाय का स्तर देखा जाए — NCERT विद्यालय-स्तर की संस्था है, और प्रश्न उच्च शिक्षा की नीति के बारे में है।
- (c)AIU — भारतीय विश्वविद्यालय संघ (Association of Indian Universities, AIU) विश्वविद्यालयों का एक संघ है, नियामक निकाय नहीं। उसका सबसे परिचित काम विदेशी तथा भारतीय उपाधियों की समकक्षता निर्धारित करना है, जिसके आधार पर विश्वविद्यालय प्रवेश देते हैं; इसके अतिरिक्त वह अंतर-विश्वविद्यालय खेल तथा सांस्कृतिक आयोजनों का समन्वय करता है और विश्वविद्यालयों के साझा प्रश्नों पर मंच का काम करता है। यह संगठन 1925 में अंतर-विश्वविद्यालय बोर्ड के रूप में आरंभ हुआ था और बाद में इसका नाम बदला। नीति-निर्माण की शक्ति उसके पास नहीं है, इसलिए वह इस प्रश्न का उत्तर नहीं हो सकता। यह विकल्प उन अभ्यर्थियों के लिए है जो संक्षेपाक्षर पहचानते तो हैं पर संस्था की प्रकृति — संघ बनाम नियामक — का भेद नहीं करते।
अवधारणा
भारत में शिक्षा से जुड़े नियामक तथा सहायक निकायों का विभाजन स्तर और विषय दोनों के अनुसार है, और इस प्रकार के प्रश्नों के लिए यह विभाजन याद रखना अनिवार्य है। विद्यालयी शिक्षा के स्तर पर NCERT (पाठ्यचर्या तथा पाठ्यपुस्तकें), CBSE तथा राज्य बोर्ड (परीक्षा और मान्यता), और NCTE (शिक्षक-शिक्षा) आते हैं। उच्च शिक्षा के स्तर पर सामान्य शिक्षा के लिए UGC है और तकनीकी शिक्षा के लिए AICTE; विधि, चिकित्सा, फ़ार्मेसी तथा वास्तुकला जैसे व्यावसायिक क्षेत्रों के अपने-अपने परिषद् या आयोग हैं। इनके अतिरिक्त कुछ निकाय संघ या समन्वयकारी मंच हैं, जिनके पास नियमन की शक्ति नहीं होती — भारतीय विश्वविद्यालय संघ ऐसा ही है। गुणवत्ता-मूल्यांकन के लिए NAAC तथा NBA जैसी संस्थाएँ हैं, और संस्थानों की रैंकिंग के लिए राष्ट्रीय संस्थागत रैंकिंग ढाँचा। किसी नीति या कार्यक्रम का प्रश्न आते ही पहला काम यह तय करना है कि वह किस स्तर और किस विषय-क्षेत्र से जुड़ा है; उसके बाद निकाय का चयन लगभग स्वतः हो जाता है।
2016 का वर्ष भारत में स्टार्टअप-नीति की दृष्टि से महत्त्वपूर्ण था। जनवरी 2016 में 'स्टार्टअप इंडिया' कार्ययोजना घोषित हुई, जिसमें उद्भवन-केंद्रों, कर-रियायतों, सरल अनुपालन और वित्तपोषण की व्यवस्थाएँ रखी गईं; इसी वर्ष अप्रैल में 'स्टैंडअप इंडिया' आरंभ हुआ, जिसका लक्ष्य अनुसूचित जाति-जनजाति तथा महिला उद्यमियों को बैंक ऋण दिलाना था; और नवम्बर में विद्यार्थी-स्टार्टअप की यह नीति जारी हुई। इसी पेपर में इसी परिवार के तीन और प्रश्न हैं — प्रश्न 51 और 55 स्टैंडअप इंडिया पर तथा प्रश्न 54 स्टार्टअप हब पर — इसलिए इन योजनाओं को एक साथ, तिथियों सहित पढ़ लेना अधिक उपयोगी है। हिन्दी स्तंभ की एक बात यह भी ध्यान देने योग्य है कि नीति का नाम अनूदित नहीं किया गया, केवल देवनागरी में लिप्यंतरित करके इकहरे उद्धरण-चिह्नों में छापा गया है, और चारों विकल्प रोमन लिपि के संक्षेपाक्षर ही रहे हैं — इसलिए हिन्दी-माध्यम अभ्यर्थी को अंग्रेज़ी संक्षेपों का पूरा रूप याद रखना पड़ता है।
मुख्य तथ्य
- 'नैशनल स्टूडेंट स्टार्टअप पॉलिसी' अखिल भारतीय तकनीकी शिक्षा परिषद् (AICTE) ने तैयार की।
- इसे तत्कालीन राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी ने 16 नवम्बर 2016 को राष्ट्रपति भवन में द्वितीय विज़िटर्स सम्मेलन के दौरान जारी किया।
- नीति का उद्देश्य तकनीकी शिक्षा-संस्थानों में विद्यार्थी-स्तर की उद्यमशीलता को प्रोत्साहन देना है — पाठ्यक्रम में नवाचार, उद्भवन-केंद्र, परामर्श तथा उद्योग से संपर्क।
- AICTE भारत में तकनीकी शिक्षा — अभियांत्रिकी, प्रौद्योगिकी, प्रबंधन, फ़ार्मेसी तथा वास्तुकला — के लिए बनी शीर्ष परिषद् है।
- AICTE की स्थापना 1945 में एक सलाहकार निकाय के रूप में हुई थी और 1987 के अधिनियम से उसे वैधानिक दर्जा मिला।
- विश्वविद्यालय अनुदान आयोग की स्थापना 1956 के अधिनियम से हुई और उसका कार्यक्षेत्र विश्वविद्यालयों तथा महाविद्यालयों की सामान्य उच्च शिक्षा है।
- NCERT की स्थापना 1961 में हुई और उसका कार्यक्षेत्र विद्यालयी शिक्षा है; भारतीय विश्वविद्यालय संघ एक संघ है, नियामक निकाय नहीं।
आगे की तैयारी
सामान्य भ्रम
- 'स्टूडेंट' शब्द देखकर UGC चुन लेना; यह नीति तकनीकी शिक्षा से जुड़ी है और उसका शीर्ष निकाय AICTE है, UGC नहीं।
- NCERT को उच्च शिक्षा की संस्था मान लेना; उसका कार्यक्षेत्र विद्यालयी शिक्षा है — पाठ्यचर्या, पाठ्यपुस्तकें तथा शिक्षक-प्रशिक्षण।
- भारतीय विश्वविद्यालय संघ को नियामक निकाय समझ लेना; वह विश्वविद्यालयों का संघ है और उसका परिचित काम उपाधियों की समकक्षता निर्धारित करना है।
- इस नीति को जनवरी 2016 की स्टार्टअप इंडिया कार्ययोजना से एक मान लेना; दोनों अलग हैं और उनके प्रवर्तक निकाय भी अलग हैं।
योजना या नीति के साथ उसके प्रवर्तक मंत्रालय या निकाय को जोड़ने वाले प्रश्न इस परीक्षा के समसामयिकी खंड का सबसे नियमित प्रकार हैं। उनकी बनावट में विकल्प प्रायः उसी क्षेत्र के चार वास्तविक संक्षेपाक्षर होते हैं, इसलिए अनुमान से काम नहीं चलता। तैयारी की भरोसेमंद पद्धति यह है कि हर योजना के साथ चार सूचनाएँ एक पंक्ति में लिखी जाएँ — नाम, प्रवर्तक निकाय या मंत्रालय, आरंभ का वर्ष, और उद्देश्य का एक वाक्य। परीक्षा-कक्ष में विकल्प देखते ही पहले यह तय कीजिए कि विषय किस स्तर का है — विद्यालय, उच्च शिक्षा या तकनीकी शिक्षा — और उसी स्तर का निकाय चुनिए; इस एक जाँच से यहाँ तीन विकल्प तुरंत बाहर हो जाते हैं। तीसरी उपयोगी बात यह है कि प्रश्न में दी गई तिथि को भी संकेत मानिए, क्योंकि वह प्रायः किसी विशेष आयोजन की ओर इशारा करती है।
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EPFO_APFC_2023_Q119Which of the following statements about a ‘unicorn’ is/are correct? 1. In the venture capital industry, the term ‘unicorn’ refers to any startup that reaches the valuation of $10 billion. 2. Only a privately held startup can be a unicorn. Select the correct answer using the code given below.
- (a) 1 only
- (b) 2 only
- (c) Both 1 and 2
- (d) Neither 1 nor 2
उत्तर(b) 2 only
EPFO APFC 2023 में 'यूनिकॉर्न' शब्द और स्टार्टअप से जुड़े कथनों पर प्रश्न है — उसी नीति-क्षेत्र की शब्दावली की परख।
अभ्यास
- practice — not a real PYQ
अखिल भारतीय तकनीकी शिक्षा परिषद् (AICTE) को वैधानिक दर्जा किस वर्ष के अधिनियम से प्राप्त हुआ था?
- (a)1945
- (b)1956
- (c)1961
- (d)1987
उत्तर(d) 1987
- practice — not a real PYQ
विदेशी तथा भारतीय उपाधियों की समकक्षता निर्धारित करने का परिचित कार्य निम्नलिखित में से कौन-सा संगठन करता है?
- (a)विश्वविद्यालय अनुदान आयोग
- (b)भारतीय विश्वविद्यालय संघ
- (c)अखिल भारतीय तकनीकी शिक्षा परिषद्
- (d)राष्ट्रीय शैक्षिक अनुसंधान और प्रशिक्षण परिषद्
उत्तर(b) भारतीय विश्वविद्यालय संघ