सूची-I को सूची-II से सुमेलित कीजिए और सूचियों के नीचे दिए गए कूट का उपयोग करके सही उत्तर का चयन कीजिए : सूची-I (खनिज): (i) ताँबा (ii) हीरा (iii) स्लेट (iv) बॉक्साइट | सूची-II (प्रमुख क्षेत्र): 1. मंदसौर 2. शहडोल 3. बैहर 4. हिनोता | कूट :
- (a)(i) 2, (ii) 1, (iii) 4, (iv) 3
- (b)(i) 3, (ii) 4, (iii) 1, (iv) 2
- (c)(i) 4, (ii) 3, (iii) 2, (iv) 1
- (d)(i) 2, (ii) 4, (iii) 1, (iv) 3
सही उत्तर — (b), (i) 3, (ii) 4, (iii) 1, (iv) 2। ताँबा–बैहर: बालाघाट जिला भारत का ताँबा हृदय-स्थल है, और बालाघाट के बैहर पट्टी में स्थित मलंजखंड निक्षेप — जिसे हिंदुस्तान कॉपर लिमिटेड चलाता है — देश का सबसे बड़ा ताँबा अयस्क भंडार है। हीरा–हिनोता: पन्ना जिले के हीरे किम्बरलाइट पाइपों से निकलते हैं, और माझगवां–हिनोता पाइप उसी पट्टी का हीरा-युक्त भाग है — भारत का एकमात्र संगठित हीरा-खनन क्षेत्र। स्लेट–मंदसौर: पश्चिमी मध्यप्रदेश का मंदसौर वह जिला है जो राज्य के स्लेट निक्षेपों से जुड़ा है। बॉक्साइट–शहडोल: अमरकंटक पठार पर स्थित शहडोल, अनूपपुर, कटनी व मंडला के साथ मध्यप्रदेश के प्रमुख लैटेराइटिक बॉक्साइट जिलों में से एक है।
- (a)(i) 2, (ii) 1, (iii) 4, (iv) 3 — चारों जोड़ियाँ गलत हैं। यह ताँबे को शहडोल भेजता है (जो एक बॉक्साइट जिला है) और बॉक्साइट को बैहर (जो ताँबा पट्टी है) — दो सबसे आसान जोड़ियों का सीधा उलटाव — और इसके अतिरिक्त हीरे को मंदसौर व स्लेट को हिनोता में रखता है।
- (c)(i) 4, (ii) 3, (iii) 2, (iv) 1 — यह हीरे को बैहर (बालाघाट) पर रखता है — ठीक वही त्रुटि जो UPSC ने 2007 में 'बालाघाट अपनी हीरा खानों के लिए जाना जाता है' के साथ बोई थी — और ताँबे को हिनोता पर, जो असल में पन्ना की हीरा-स्थली है। स्लेट व बॉक्साइट भी गलत जगह हैं।
- (d)(i) 2, (ii) 4, (iii) 1, (iv) 3 — सबसे अधिक अंक लाने वाला निकट-चूक जाल। हीरा–हिनोता व स्लेट–मंदसौर सही हैं, लेकिन ताँबा व बॉक्साइट अदल-बदल हैं: ताँबा शहडोल को दिया गया है और बॉक्साइट बैहर को। इस विकल्प व सही कुंजी के बीच केवल एक जोड़ी जिलों का अंतर है।
मध्यप्रदेश का खनिज मानचित्र चंद अलग-अलग भूवैज्ञानिक परिवेशों पर टिका है, और एक बार जब आप निक्षेप-प्रकार को जिले से जोड़ लेते हैं, तो मिलान स्वतः हो जाता है। बालाघाट का मलंजखंड एक ग्रेनाइटॉइड-आधारित ताँबा निक्षेप है — भारत का सबसे बड़ा — और यही कारण है कि मध्यप्रदेश देश के ताँबा-अयस्क उत्पादन में सबसे ऊपर आता है। पन्ना के हीरे किम्बरलाइट पाइपों (माझगवां–हिनोता) में मिलते हैं, जो भारत का एकमात्र संगठित हीरा-खनन क्षेत्र है। मध्यप्रदेश में बॉक्साइट लैटेराइटिक है और अमरकंटक पठार पर शहडोल, अनूपपुर, कटनी व मंडला में समूहित है। स्लेट पश्चिमी मध्यप्रदेश की घटना है, जो मंदसौर से जुड़ी है।
इस पूरे प्रश्न को दो आधार तय करते हैं: ताँबा = बालाघाट (मलंजखंड / बैहर) और हीरा = पन्ना (माझगवां–हिनोता)। हर गलत विकल्प इनमें से कम-से-कम एक को तोड़ता है। यदि आप केवल एक ही तथ्य याद रख सकें, तो ताँबा–बालाघाट रखें — MPPSC ने स्वयं 2021–22 में मध्यप्रदेश को भारत का नंबर-एक ताँबा उत्पादक बताकर कुंजी दी थी, और बालाघाट ही इसका कारण है। यह भी ध्यान रखें कि छपा हुआ कूट-खंड (i)(ii)(iii)(iv) शीर्षकों के नीचे बस अंकों की एक तालिका है, इसलिए विकल्प को उसी क्रम में पढ़ें।
- ताँबा: मलंजखंड, बालाघाट जिले की बैहर पट्टी में — हिंदुस्तान कॉपर लिमिटेड की परियोजना और भारत का सबसे बड़ा ताँबा निक्षेप।
- हीरा: पन्ना जिले में माझगवां–हिनोता किम्बरलाइट पाइप — भारत का एकमात्र संगठित हीरा-खनन क्षेत्र।
- बॉक्साइट: शहडोल व अमरकंटक पठार के जिले (अनूपपुर, कटनी, मंडला) — लैटेराइटिक बॉक्साइट।
- स्लेट: पश्चिमी मध्यप्रदेश का मंदसौर जिला।
केवल ये दो हाइलाइट की गई जोड़ियाँ ही हर गलत विकल्प को खारिज कर देती हैं: (a), (c) व (d) में से हर एक ताँबे या हीरे को गलत जगह रखता है।
- बालाघाट ताँबे का है, हीरे का नहीं — UPSC ने 2007 में ठीक इसी भ्रम पर एक पूरा प्रश्न बनाया था।
- हिनोता व माझगवां दोनों पन्ना हीरा पट्टी में स्थित हैं; हिनोता को स्वयं में एक अलग जिला न पढ़ें।
- शहडोल बॉक्साइट का है। ताँबा जिला (बालाघाट) व बॉक्साइट जिले (शहडोल, कटनी, अनूपपुर) विकल्पों में नियमित रूप से अदल-बदल किए जाते हैं।
खनिज ↔ स्थान MPPSC का एक स्थायी प्रारूप है — 2021 में मलंजखंड, 2023 में मध्यप्रदेश का ताँबा-रैंक, 2024 में बॉक्साइट, 2025 में यह चार-जोड़ी मिलान। UPSC इसे या तो खनिज ↔ स्थान मिलान के रूप में पूछता है, या दो जिलों को अदल-बदल कर बनाए गए दो-कथन के रूप में।
निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए : 1. बालाघाट अपनी हीरा खानों के लिए जाना जाता है। 2. माझगवां अपने मैंगनीज भंडार के लिए जाना जाता है। ऊपर दिए गए कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं ?
- (a) केवल 1
- (b) केवल 2
- (c) 1 और 2 दोनों
- (d) न तो 1 और न ही 2
उत्तर(d) न तो 1 और न ही 2 — बालाघाट ताँबे का ज़िला है और माझगवां हीरे की बस्ती है।
UPSC ने ठीक उन्हीं दो त्रुटियों से एक पूरा प्रश्न बनाया, जिन्हें यह मिलान-सेट दंडित करता है: बालाघाट ताँबे का है, हीरे का नहीं, और माझगवां (पन्ना) हीरे का है, मैंगनीज का नहीं।
सूची I (खनिज) को सूची II (स्थान) से मिलाइए और सही उत्तर चुनिए: सूची I (A) कोयला (B) ताँबा (C) मैंगनीज (D) लिग्नाइट सूची II 1. गिरिडीह 2. जयनकोंडम 3. अलवर 4. धारवाड़
- (a) A-1 B-4 C-3 D-2
- (b) A-2 B-3 C-4 D-1
- (c) A-1 B-3 C-4 D-2
- (d) A-2 B-4 C-3 D-1
उत्तर(c) A-1 B-3 C-4 D-2 — कोयला–गिरिडीह, ताँबा–अलवर, मैंगनीज–धारवाड़, लिग्नाइट–जयनकोंडम
बिल्कुल वही खनिज ↔ स्थान मिलान प्रारूप, राष्ट्रीय स्तर पर पूछा गया, मध्यप्रदेश के भीतर नहीं।
हिंदुस्तान कॉपर लिमिटेड की तांबा परियोजना मध्यप्रदेश के किस नगर में है, जिसे 'कॉपर सिटी' (ताम्र नगरी) भी कहा जाता है ?
- (a) जगंधेरी
- (b) चखरिया
- (c) इमलिया
- (d) मलांजखंड
उत्तर(d) मलांजखंड
वही तांबा-स्थल — बालाघाट का मलांजखंड वही भंडार है जो इस प्रश्न में कॉपर–बैहर जोड़ी के पीछे खड़ा है।
वर्ष 2021-22 के दौरान भारत में तांबा उत्पादन में मध्यप्रदेश का कौन-सा स्थान था ?
- (a) चतुर्थ
- (b) द्वितीय
- (c) प्रथम
- (d) तृतीय
उत्तर(c) प्रथम
मध्यप्रदेश में तांबे का वही विषय, उत्पादन-कोण से — मध्यप्रदेश की अग्रणी स्थिति उसी बालाघाट/मलांजखंड पट्टी पर टिकी है जो यहाँ मिलाई गई है।
- अभ्यास — वास्तविक PYQ नहीं
मलंजखंड, भारत के सबसे बड़े ताँबा निक्षेप का स्थल, मध्यप्रदेश के किस जिले में स्थित है ?
- (a)बालाघाट
- (b)शहडोल
- (c)पन्ना
- (d)मंदसौर
उत्तर(a) बालाघाट — हिंदुस्तान कॉपर लिमिटेड की मलंजखंड परियोजना बालाघाट जिले की बैहर पट्टी में है।
- अभ्यास — वास्तविक PYQ नहीं
भारत में एकमात्र संगठित हीरा-खनन किम्बरलाइट पाइपों से किया जाता है, जो किस जिले में स्थित हैं ?
- (a)छतरपुर
- (b)पन्ना
- (c)सतना
- (d)रीवा
उत्तर(b) पन्ना — माझगवां–हिनोता किम्बरलाइट पाइप।