निम्न में से कौन-सा कथन म.प्र. में स्वतन्त्रता आन्दोलन के सम्बन्ध में असत्य है ?
- (a)खाजा एवं भीमा नायक भील नेता थे, जिन्होंने ब्रिटिश सत्ता के विरुद्ध संघर्ष किया ।
- (b)स्वतन्त्रता सेनानी शंकरशाह गढ़ा मण्डला राज्य के थे ।
- (c)रामगढ़ के झूजार सिंह के पुत्र देवनाथ सिंह ने ब्रिटिश सत्ता के विरुद्ध संघर्ष किया था ।
- (d)सिपाही बहादुर सरकार की स्थापना इन्दौर में की गई थी ।
सही उत्तर — (c) और (d) दोनों स्वीकार्य। प्रश्न पूछता है कि कौन-सा कथन असत्य है, और MPPSC की अंतिम कुंजी ने दो कथन स्वीकार किए: (d) सत्यापन योग्य रूप से गलत है — 1857 की विद्रोही-सिपाही सरकार 'सिपाही बहादुर सरकार' सिहोर में (भोपाल से लगभग 40 किमी दूर) भोपाल टुकड़ी के विद्रोही सैनिकों द्वारा वली शाह व हवलदार महावीर जैसे नेताओं के अधीन घोषित की गई थी, इन्दौर में नहीं। (c) को भी असत्य के रूप में स्वीकार किया गया — जो वंशावली इसमें कही गई है ('झूजार सिंह के पुत्र, रामगढ़ के देवनाथ सिंह') वह मण्डला के निकट रामगढ़ राज्य के दस्तावेज़ित इतिहास से मेल नहीं खाती, जिसका ज्ञात 1857 का नेता रानी अवंतीबाई लोधी थीं, जो राजा विक्रमादित्य सिंह की विधवा थीं; रामगढ़ के किसी झूजार सिंह नामक शासक या उनके पुत्र देवनाथ सिंह की पुष्टि करने वाला कोई विश्वसनीय स्रोत नहीं है (नाम 'झुझार सिंह' इसके बजाय ओरछा के एक असंबंधित 17वीं-शताब्दी के बुंदेला राजा से संबंधित है, जो दो सदियों से भी अधिक पहले हुए थे)।
- (a)खाजा एवं भीमा नायक भील नेता थे, जिन्होंने ब्रिटिश सत्ता के विरुद्ध संघर्ष किया । — यह कथन सत्य है, इसलिए यह उत्तर नहीं है — भीमा नायक (नाइक) और उनके सहयोगी खाजा (खज्या) नायक निमाड़ क्षेत्र (बड़वानी के आसपास) के वास्तविक भील नेता थे, जिन्होंने 1857 के दौरान व उसके बाद ब्रिटिश सत्ता के विरुद्ध आदिवासी प्रतिरोध का नेतृत्व किया।
- (b)स्वतन्त्रता सेनानी शंकरशाह गढ़ा मण्डला राज्य के थे । — यह कथन सत्य है, इसलिए यह उत्तर नहीं है — राजा शंकर शाह, गढ़ा-मण्डला (गोंडवाना) राज्य के अंतिम शासक, और उनके पुत्र रघुनाथ शाह को देशभक्तिपूर्ण कविता के माध्यम से विद्रोह भड़काने के लिए 18 सितंबर 1857 को जबलपुर में तोप से उड़ाकर मार दिया गया था।
MPPSC प्रारंभिक परीक्षा में मध्यप्रदेश-विशिष्ट 1857 विद्रोह व व्यापक स्वतंत्रता आंदोलन के तथ्यों की बार-बार परीक्षा ली जाती है — निमाड़ में भील आदिवासी प्रतिरोध, गढ़ा-मण्डला का गोंड राजघराना, और सिहोर में विद्रोही सिपाही सरकार बार-बार आने वाले नाम हैं। ये राष्ट्रीय NCERT कथा के बजाय मध्यप्रदेश-विशिष्ट स्थानीय इतिहास से लिए गए हैं, इसलिए सटीक नाम, स्थान महत्वपूर्ण होते हैं।
यह चार स्वतंत्र मध्यप्रदेश-स्वतंत्रता-आंदोलन तथ्यों को जोड़ने वाला 'गलत कथन ढूँढ़ो' प्रश्न है — छात्र को सामान्य 1857 ज्ञान के पैटर्न-मिलान के बजाय प्रत्येक नाम-स्थान-भूमिका संयोजन की पुष्टि करनी होती है। जाँच करने पर दो कथन (c, d) गलत/असत्यापित निकले, यही कारण है कि आयोग की अंतिम कुंजी ने किसी भी विकल्प को अंक दिए।
- खाजा नायक और भीमा नायक: निमाड़/बड़वानी क्षेत्र के भील नेता जिन्होंने लगभग 1857-58 में ब्रिटिश सत्ता का प्रतिरोध किया
- गढ़ा-मण्डला के राजा शंकर शाह और उनके पुत्र रघुनाथ शाह: 18 सितंबर 1857 को जबलपुर में तोप से उड़ाकर मारे गए
- 'सिपाही बहादुर सरकार': अगस्त 1857 में भोपाल टुकड़ी के विद्रोही सैनिकों द्वारा सिहोर (इन्दौर नहीं) में घोषित एक अल्पकालिक विद्रोही सरकार
- रामगढ़ राज्य का दस्तावेज़ित 1857 नेता रानी अवंतीबाई लोधी हैं, न कि कथन (c) द्वारा दावा किया गया 'झूजार सिंह के पुत्र देवनाथ सिंह'
- यह मान लेना कि विकल्पों में हर 1857-संबद्ध स्थान-नाम बिना किसी वास्तविक स्रोत से जाँचे सही है
- भोपाल टुकड़ी के सिहोर विद्रोह को इन्दौर के साथ भ्रमित करना, जहाँ भी 1857 में अशांति देखी गई थी लेकिन 'सिपाही बहादुर सरकार' वहाँ घोषित नहीं की गई थी
MPPSC 3-4 स्वतंत्र मध्यप्रदेश-विशिष्ट स्वतंत्रता-आंदोलन तथ्यों को जोड़कर 'कौन-सा कथन असत्य है' जैसे प्रश्न पसंद करती है — कम से कम एक जानबूझकर गलत स्थान/नाम जोड़ी (यहाँ सिहोर बनाम इन्दौर की तरह) की अपेक्षा रखें।
इस प्रश्न से सीधे संबंधित कोई पूर्व PYQ उपलब्ध नहीं।
- अभ्यास — वास्तविक PYQ नहीं
विद्रोही सिपाही सरकार 'सिपाही बहादुर सरकार' 1857 में कहाँ घोषित की गई थी ?
- (a)इन्दौर
- (b)सिहोर
- (c)ग्वालियर
- (d)जबलपुर
उत्तर(b) सिहोर — अगस्त 1857 में भोपाल टुकड़ी के विद्रोही सैनिकों द्वारा घोषित।
- अभ्यास — वास्तविक PYQ नहीं
गढ़ा-मण्डला से जुड़े राजा शंकर शाह और उनके पुत्र रघुनाथ शाह को 1857 में ब्रिटिश ने कहाँ फाँसी दी थी ?
- (a)मण्डला
- (b)जबलपुर
- (c)सिहोर
- (d)इन्दौर
उत्तर(b) जबलपुर — 18 सितंबर 1857 को तोप से उड़ाकर।