राज्य मानवाधिकार आयोग के अध्यक्ष एवं सदस्यों की नियुक्ति के नामों की शिफारिश करने वाली समिति में कौन शामिल है ?
- (a)विधानसभा अध्यक्ष
- (b)राज्यपाल
- (c)नेता प्रतिपक्ष
- (d)उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश
सही उत्तर — (a) व (c) दोनों (दोनों स्वीकृत), विधानसभा अध्यक्ष व नेता प्रतिपक्ष। मानवाधिकार संरक्षण अधिनियम, 1993 की धारा 22 के अंतर्गत, राज्य मानवाधिकार आयोग (SHRC) के अध्यक्ष व सदस्यों की नियुक्ति राज्यपाल द्वारा एक समिति की सिफारिश पर की जाती है, जिसमें मुख्यमंत्री (जो समिति के अध्यक्ष होते हैं), राज्य विधानसभा अध्यक्ष, राज्य गृह मंत्री, तथा विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष शामिल होते हैं। विधानसभा अध्यक्ष व नेता प्रतिपक्ष दोनों इस समिति में बैठते हैं, इसलिए दोनों को सही माना गया।
- (b)राज्यपाल — राज्यपाल वह नियुक्ति प्राधिकारी हैं जो समिति की सिफारिश पर कार्य करते हैं — राज्यपाल स्वयं समिति में नहीं बैठते।
- (d)उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश — उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश की इस सिफारिशी समिति में कोई भूमिका नहीं है; यह राज्य कार्यपालिका व विधायिका की एक राजनीतिक समिति है, न्यायिक नहीं।
मानवाधिकार संरक्षण अधिनियम, 1993, राज्य मानवाधिकार आयोगों हेतु नियुक्ति की दो-चरणीय प्रक्रिया बनाता है: एक राजनीतिक समिति नामों की सिफारिश करती है, तथा राज्यपाल औपचारिक नियुक्ति करते हैं। यह राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग की प्रक्रिया के समान है, जहाँ प्रधानमंत्री सिफारिशी समिति के अध्यक्ष होते हैं तथा राष्ट्रपति नियुक्ति करते हैं।
MPPSC 'समिति में कौन बैठता है' बनाम 'नियुक्ति कौन करता है' परखना पसंद करता है, क्योंकि विद्यार्थी इन दोनों चरणों को गड्डमड्ड कर देते हैं। सुरक्षित नियम: नियुक्ति प्राधिकारी (SHRC हेतु राज्यपाल, NHRC हेतु राष्ट्रपति) को जानबूझकर सिफारिशी समिति से बाहर रखा जाता है ताकि सिफारिश व नियुक्ति कार्यों के बीच पृथक्करण बना रहे।
- SHRC समिति (धारा 22, मानवाधिकार संरक्षण अधिनियम 1993): मुख्यमंत्री (अध्यक्ष) + विधानसभा अध्यक्ष + राज्य गृह मंत्री + नेता प्रतिपक्ष
- राज्यपाल इस समिति की सिफारिश पर नियुक्ति करते हैं परन्तु स्वयं समिति सदस्य नहीं हैं
- NHRC की समानांतर समिति प्रधानमंत्री द्वारा अध्यक्षित होती है, राष्ट्रपति द्वारा नहीं
- SHRC एक सांविधिक निकाय है (संसद के अधिनियम द्वारा सृजित), संवैधानिक निकाय नहीं
मानवाधिकार संरक्षण अधिनियम, 1993, धारा 22 — समिति नामों की सिफारिश करती है; राज्यपाल नियुक्ति करते हैं।
- यह मान लेना कि राज्यपाल (नियुक्ति प्राधिकारी) भी सिफारिशी समिति में हैं
- SHRC समिति (राज्य गृह मंत्री) को NHRC समिति (केंद्रीय गृह मंत्री + दोनों सदनों के नेता प्रतिपक्ष) से गड्डमड्ड करना
MPPSC अक्सर इसे पलटकर 'कौन शामिल नहीं है' पूछता है — चारों नामों (मुख्यमंत्री, अध्यक्ष, गृह मंत्री, नेता प्रतिपक्ष) को एक बंद सूची के रूप में याद रखें, क्योंकि इसके बाहर कोई भी स्वतः विषम तत्व होगा।
राज्य मानवाधिकार आयोग के अध्यक्ष एवं सदस्यों की नियुक्ति के नामों की शिफारिश करने वाली समिति में कौन शामिल नहीं है ?
- (a) मुख्यमंत्री
- (b) विधानसभा अध्यक्ष
- (c) गृह मामलों के विभाग प्रभारी
- (d) राज्यपाल
उत्तर(d) राज्यपाल — राज्यपाल समिति की सिफारिश पर नियुक्ति करते हैं परन्तु स्वयं समिति के सदस्य नहीं हैं।
वही तथ्य विपरीत रूप में परखा गया — MPPSC 2020 पूछता है कि उसी चार-सदस्यीय SHRC सिफारिशी समिति में कौन शामिल नहीं है।
- अभ्यास — वास्तविक PYQ नहीं
मानवाधिकार संरक्षण अधिनियम, 1993 के अंतर्गत, राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग के अध्यक्ष की नियुक्ति राष्ट्रपति द्वारा किसके नेतृत्व वाली समिति की सिफारिश पर की जाती है :
- (a)भारत के मुख्य न्यायाधीश
- (b)प्रधानमंत्री
- (c)लोकसभा अध्यक्ष
- (d)उपराष्ट्रपति
उत्तर(b) प्रधानमंत्री — NHRC चयन समिति की अध्यक्षता PM करते हैं, ठीक वैसे ही जैसे SHRC की समानांतर समिति की अध्यक्षता मुख्यमंत्री करते हैं।
- अभ्यास — वास्तविक PYQ नहीं
राज्य मानवाधिकार आयोग के अध्यक्ष व सदस्यों की औपचारिक नियुक्ति किसके द्वारा की जाती है :
- (a)मुख्यमंत्री
- (b)राज्यपाल
- (c)राष्ट्रपति
- (d)उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश
उत्तर(b) राज्यपाल — समिति (मुख्यमंत्री, अध्यक्ष, गृह मंत्री, नेता प्रतिपक्ष) की सिफारिश पर कार्य करते हुए।