निम्नलिखित में से किसे, ठोस रूप में होने पर शुष्क बर्फ़ (ड्राई आइस) के रूप में भी जाना जाता है ?
- (a)SiO2
- (b)CO2
- (c)CaO
- (d)MgO
सही — B, CO2 (कार्बन डाइऑक्साइड)। ठोस कार्बन डाइऑक्साइड को शुष्क बर्फ़ कहते हैं, क्योंकि यह साधारण बर्फ़ जैसी दिखती है फिर भी पीछे कोई द्रव नहीं छोड़ती। सामान्य वायुमंडलीय दाब पर यह ऊर्ध्वपातित होती है — लगभग -78.5 डिग्री सेल्सियस पर ठोस से सीधे गैस में बदल जाती है — इसलिए यह चीज़ों को बिना पिघले पानी के ठंडा और 'शुष्क' रखती है। ठीक यही गुण इसे जमे हुए सामान के भंडारण, मंच पर कोहरा बनाने और खाद्य पदार्थों को तुरंत जमाने में उपयोगी बनाता है।
- (a)SiO2 — सिलिकॉन डाइऑक्साइड क्वार्ट्ज़/सिलिका बालू है, एक कठोर खनिज जो लगभग 1700 डिग्री सेल्सियस पर पिघलता है। यह कमरे के ताप पर संरचनात्मक कारणों से ठोस है, किसी जमी हुई गैस के रूप में नहीं, और इसका शुष्क बर्फ़ से कोई संबंध नहीं है।
- (c)CaO — कैल्सियम ऑक्साइड बिना बुझा चूना है, एक क्षारकीय ऑक्साइड जो जल से तीव्रता से अभिक्रिया करके बुझा चूना देता है। यह किसी गैस का जमा हुआ रूप नहीं है और न ही यह ऊर्ध्वपातित होता है।
- (d)MgO — मैग्नीशियम ऑक्साइड एक श्वेत, अत्यंत उच्च गलनांक वाला क्षारकीय ऑक्साइड है, जिसका उपयोग उत्तापसह (रेफ्रैक्टरी) पदार्थों में होता है। CaO की तरह यह भी एक आयनिक ठोस है, ठोसीकृत कार्बन डाइऑक्साइड नहीं, इसलिए इसे कभी शुष्क बर्फ़ नहीं कहा जाता।
शुष्क बर्फ़ कार्बन डाइऑक्साइड की ठोस अवस्था है। चूँकि सामान्य वायुमंडलीय दाब पर CO2 की कोई स्थायी द्रव अवस्था नहीं होती, ठोस CO2 को गर्म करने पर वह पिघलकर पानी बनने के बजाय सीधे गैस में ऊर्ध्वपातित हो जाती है। इसी कारण यह गीला किए बिना ठंडक देती है।
चारों विकल्प ठोस हैं, इसलिए जाल यह है कि कोई भी जाना-पहचाना श्वेत ठोस चुन लिया जाए। नाम में छिपा सुराग है 'शुष्क' — पदार्थ को द्रव छोड़े बिना गायब होना चाहिए, और यह केवल ऊर्ध्वपातन से ही होता है। SiO2, CO2, CaO और MgO में से केवल कार्बन डाइऑक्साइड ही कमरे की परिस्थितियों में ऊर्ध्वपातित होती है।
- शुष्क बर्फ़ ठोस कार्बन डाइऑक्साइड (CO2) है।
- 1 atm पर CO2 लगभग -78.5 डिग्री सेल्सियस पर ऊर्ध्वपातित होती है, ठोस से सीधे गैस बनकर।
- यह कोई द्रव नहीं छोड़ती, और यही 'शुष्क' शब्द का मूल है।
- ऊर्ध्वपातन ठोस से सीधे वाष्प में होने वाला परिवर्तन है, जिसमें द्रव अवस्था नहीं आती।

- यह मान लेना कि ठंडक बनाए रखने वाला हर श्वेत ठोस 'बर्फ़' (जल) है।
- ऊर्ध्वपातन को गलन समझ लेना।
- CO2 (शुष्क बर्फ़) को CaO/MgO जैसे ऑक्साइडों से गड्डमड्ड कर देना।
NDA/UPSC किसी सामान्य पदार्थ का प्रचलित नाम ('शुष्क बर्फ़', 'बिना बुझा चूना', 'धोने का सोडा') देकर उसका सूत्र पूछते हैं, या इसका उल्टा — प्रचलित नाम को रसायन से जोड़िए।
No directly related past PYQ was found.
- अभ्यास — वास्तविक PYQ नहीं
वह प्रक्रम जिससे शुष्क बर्फ़ ठोस से सीधे गैस में बदलती है, कहलाता है
- (a)गलन
- (b)ऊर्ध्वपातन
- (c)संघनन
- (d)वाष्पन
Answer(b) ऊर्ध्वपातन — ठोस का द्रव अवस्था के बिना सीधे वाष्प में बदलना, जैसा ठोस CO2 करती है।
- अभ्यास — वास्तविक PYQ नहीं
शुष्क बर्फ़ किस गैस का ठोस रूप है?
- (a)नाइट्रोजन
- (b)ऑक्सीजन
- (c)कार्बन डाइऑक्साइड
- (d)अमोनिया
Answer(c) कार्बन डाइऑक्साइड — ठोस CO2 ही शुष्क बर्फ़ है, जो लगभग -78.5 डिग्री सेल्सियस पर ऊर्ध्वपातित होती है।