विजयनगर के राजा कृष्णदेवराय के अभियानों के बारे में निम्नलिखित में से कौन-से कथन सही हैं ? 1. अपने शासन के आरंभिक वर्षों में उन्होंने उड़ीसा के शासक के विरुद्ध कूच किया ।; 2. 1520 ईसवी में, उन्होंने इस्माइल आदिल खान से रायचूर का किला जीत लिया ।; 3. कृष्णदेवराय ने सुल्तान महमूद शाह को सत्ता में पुन:स्थापित किया और यवन-राज्य-स्थापन-आचार्य की पदवी धारण की ।; नीचे दिए गए कूट का प्रयोग कर उत्तर चुनिए :
- (a)केवल 1 और 3
- (b)केवल 2 और 3
- (c)1, 2 और 3
- (d)केवल 1 और 2
सही — C, 1, 2 और 3 । तुलुव वंश के कृष्णदेवराय (शासन 1509-1529) ने तीनों काम किए । अपने शासन के आरंभिक वर्षों में उन्होंने पूर्व की ओर उड़ीसा के गजपति शासक के विरुद्ध कूच किया, 1512 से उदयगिरि किला लिया और अंततः प्रतापरुद्र देव को संधि पर विवश किया । 1520 ईसवी में उन्होंने कठिन घेराबंदी के बाद रायचूर दोआब के सामरिक महत्त्व वाले रायचूर किले को बीजापुर के इस्माइल आदिल खान (आदिल शाह) से जीत लिया । और उन्होंने बहमनी राजनीति में हस्तक्षेप कर सुल्तान महमूद शाह को पुन:स्थापित किया तथा यवन-राज्य-स्थापन-आचार्य — यवन (यहाँ मुस्लिम) राज्य के स्थापक — की पदवी ली । अतः तीनों कथन सही हैं ।
- (a)केवल 1 और 3 — यह कथन 2 को छोड़ देता है, किंतु 1520 में इस्माइल आदिल खान से रायचूर जीतना कृष्णदेवराय की सर्वाधिक प्रलेखित विजयों में से है, अतः 2 भी सही है ।
- (b)केवल 2 और 3 — यह कथन 1 को छोड़ देता है, किंतु उड़ीसा के गजपति शासक के विरुद्ध उनका आरंभिक अभियान (उदयगिरि से आरंभ हुआ कलिंग अभियान) भली-भाँति प्रमाणित है, अतः 1 भी सही है ।
- (d)केवल 1 और 2 — यह कथन 3 को छोड़ देता है, किंतु कृष्णदेवराय ने सुल्तान महमूद शाह को वस्तुतः पुन:स्थापित किया और यवन-राज्य-स्थापन-आचार्य की पदवी धारण की, अतः 3 भी सही है ।
कृष्णदेवराय विजयनगर साम्राज्य के महानतम शासक थे, तुलुव वंश के, जिन्होंने 1509 से 1529 तक हम्पी को राजधानी बनाकर शासन किया । उनके शासन में तीन मोर्चों पर सैनिक विस्तार — पूर्व में उड़ीसा के गजपति, उत्तर में दक्कन की सल्तनतें, और दक्षिण में विद्रोही सरदार — तेलुगु तथा संस्कृत साहित्य के स्वर्ण युग के साथ चला । उन्होंने स्वयं तेलुगु की कालजयी कृति आमुक्तमाल्यद लिखी ।
यह प्रश्न परखता है कि विद्यार्थी जानता है या नहीं कि तीनों दावे प्रामाणिक हैं, जो किसी एक गलत को पकड़ने से कठिन है । इनमें से प्रत्येक उनके शासन का पड़ाव है: उड़ीसा (गजपति) अभियान ने पूर्वी सीमांत सुरक्षित किया; 1520 में रायचूर पर अधिकार उपजाऊ रायचूर दोआब को लेकर बीजापुर से चली लंबी खींचतान का निर्णायक प्रहार था; और बहमनी उत्तराधिकार में उनकी राजा-निर्माता भूमिका ने उन्हें वह भव्य पदवी दिलाई । उनके दरबार के विवरण पुर्तगाली यात्री डोमिंगो पेस के माध्यम से बचे हैं, जिन्होंने लगभग 1520-22 में विजयनगर की यात्रा की ।
- कृष्णदेवराय ने 1509 से 1529 तक विजयनगर पर शासन किया और वे तुलुव वंश के थे; उनकी राजधानी हम्पी थी ।
- उड़ीसा के गजपति शासक के विरुद्ध उनका आरंभिक कलिंग अभियान 1512 में उदयगिरि किले की घेराबंदी से आरंभ हुआ ।
- उन्होंने रायचूर दोआब की कठिन घेराबंदी के बाद 19 मई 1520 को बीजापुर के इस्माइल आदिल शाह से रायचूर जीता ।
- उन्होंने एक बहमनी सुल्तान (महमूद शाह) को पुन:स्थापित किया और 'यवन राज्य का स्थापक' पदवी ली; उन्होंने तेलुगु कृति आमुक्तमाल्यद की रचना की ।

- यह मान लेना कि तीनों में से केवल एक या दो कथन सत्य हैं, जबकि तीनों सही हैं ।
- कृष्णदेवराय (तुलुव) को देवराय प्रथम या द्वितीय जैसे पहले के संगम शासकों से गड्डमड्ड कर देना ।
यह कृष्णदेवराय की विजयों, पदवियों और साहित्यिक कृति पर कथन-आधारित (कितने सही हैं) या एकल-तथ्य प्रश्नों के रूप में पूछा जाता है ।
निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए : 1. नरसिंह सालुव ने संगम वंश का अंत कर स्वयं सिंहासन हथिया लिया और सालुव वंश आरंभ किया । 2. वीर नरसिंह ने अंतिम सालुव शासक को अपदस्थ कर स्वयं सिंहासन हथिया लिया । 3. वीर नरसिंह के बाद उनके छोटे भाई कृष्णदेव राय गद्दी पर बैठे । 4. कृष्णदेव राय के बाद उनके सौतेले भाई अच्युत राय गद्दी पर बैठे । ऊपर दिए गए इन कथनों में से कौन-से सही हैं ?
- (a) 1, 2 और 3
- (b) 2, 3 और 4
- (c) 1 और 4
- (d) 1, 2, 3 और 4
Answer(d) 1, 2, 3 और 4
वही विषय — वह विजयनगर उत्तराधिकार जो कृष्णदेव राय को सिंहासन तक लाया । NDA वाले प्रश्न की भाँति यह भी कथन-आधारित प्रश्न है जिसमें हर कथन सही है, और वह संगम-सालुव-तुलुव संक्रमण को कृष्णदेव राय तथा उनके उत्तराधिकारी अच्युत राय तक ले जाता है ।
- अभ्यास — वास्तविक PYQ नहीं
तेलुगु साहित्यिक कृति 'आमुक्तमाल्यद' की रचना विजयनगर के किस शासक ने की थी ?
- (a)हरिहर प्रथम
- (b)देवराय द्वितीय
- (c)कृष्णदेवराय
- (d)राम राय
Answer(c) कृष्णदेवराय — वही तुलुव सम्राट, जिन्होंने तेलुगु की कालजयी कृति आमुक्तमाल्यद लिखी ।
- अभ्यास — वास्तविक PYQ नहीं
रायचूर का युद्ध (1520), जिसमें कृष्णदेवराय ने रायचूर का किला जीता, किस शक्ति के विरुद्ध लड़ा गया था ?
- (a)उड़ीसा के गजपति
- (b)बीजापुर सल्तनत (आदिल शाही)
- (c)मुगल
- (d)गुलबर्गा की बहमनी सल्तनत
Answer(b) बीजापुर सल्तनत — रायचूर बीजापुर के इस्माइल आदिल शाह से लिया गया था ।