Q: मध्ययुगीन दक्षिण भारत में विज्ञान के बारे में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए : 1. संख्यातंत्र की ‘कप्याती पद्धति’ का आकलन चन्द्रवास के लेखक केरल के वररुचि ने किया था, जिसका उपयोग वर्ग के किसी भी पदार्थ की स्थिति का परिकलन करने के लिए किया जाता था। 2. अनन्तप्रिय (1550 – 1621) ने ‘उपसर्गक्रियाप्रक्रम’ की रचना की, जो ग्रहण पर आधारित ग्रन्थ था। 3. महोदयपुरम् के कवि वर्मन ने ‘वेण्शनान मार्ग’ और यह भी कहा जाता है कि इन्होंने ‘कोल्लम युग’ का शुभारम्भ किया। उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/कौन-से कथन सत्य है/हैं ?
(a)केवल 1 और 3
(b)केवल 3
(c)केवल 1 और 2
(d)1, 2 और 3
Correct Answer: (b)
Detailed explanation coming soon.